अमेरिका के राष्ट्रपति ने दुनिया की राजनीति में एक नया हथियार पेश किया है-टैरिफ. हथियारों का इस्तेमाल आमतौर पर दुश्मन के खिलाफ किया जाता है. लेकिन ट्रंप को यह हथियार इतना पसंद है कि वो इसका इस्तेमाल दुश्मन, दोस्त, प्रतिस्पर्धी और साझेदार सब पर समान रूप से कर रहे हैं. साथ ही सहयोगियों और विरोधियों, दोनों को अमेरिकी इच्छा के आगे झुकने पर मजबूर करेंगे. शुरुआत में इस हथियार का बड़ा असर भी हुआ... समझौते हुए, सुर्खियां बनीं. अमेरिका का करीबी सहयोगी दक्षिण कोरिया भी उन देशों में शामिल था जिसने व्यापार समझौता किया.. लेकिन अब, कुछ ही महीनों बाद एक बार फिर दक्षिण कोरिया पर 25 प्रतिशत के भारी टैरिफ की तलवार लटक रही है.