पड़ोसी मुल्क पाकिस्तान की एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर फजीहत हो गई है. पाकिस्तान के आधिकारिक बयान की वजह से उसे शर्मिंदगी का सामना करना पड़ा है.
पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने एक आधिकारिक बयान जारी किया है, जिसमें टाइपिंग की कई गलतियां पाई गई हैं. इस बयान में प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ के 18 से 20 फरवरी तक के अमेरिकी दौरे का जिक्र था, जहां उन्हें बोर्ड ऑफ पीस के उद्घाटन सत्र में भाग लेना था. हालांकि, बयान की शब्दावली ने लोगों का ध्यान अपनी ओर खींच लिया.
इस बयान की हेडिंग कुछ इस तरह थी- Prime Minister's Visit to the Unites States of Americas. इस तरह बयान की हेडिंग में ही दो बड़ी गलतियां देखी घईं. इसमें यूनाटेड को यूनाइट्स लिखा गया है और अमेरिका को अमेरिकाज लिखा गया है. इंटरनेट यूजर्स ने तुरंत इन गलतियों पर पाकिस्तान सरकार को घेरना शुरू कर दिया.
एक सोशल मीडिया यूजर ने कहा कि लानत है तुम पर. वहीं, सौरभ नाम के एक यूजर ने कहा कि थोड़ा ज्यादा कर्टेन रेज हो गया बो. यूनाइट्स. बता दें कि ऐसा पहली बार नहीं हुआ है, इससे पहले भी इस तरह की चूक हो चुकी है. पिछले साल, जब इजराइल ने ईरान पर हवाई हमले किए थे, तब शहबाज शरीफ के नाम से एक स्क्रीनशॉट वायरल हुआ था, जिसमें कथित तौर पर उन्होंने I condom the attack लिख दिया था, जबकि सही शब्द Condemn होना चाहिए था.
बोर्ड ऑफ पीस की बैठक
प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ गुरुवार को अमेरिका के आधिकारिक दौरे पर वॉशिंगटन डीसी पहुंचे हैं. उन्हें अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के निमंत्रण पर बोर्ड ऑफ पीस की उद्घाटन बैठक में शामिल होना है.
उनके साथ पाकिस्तानी प्रतिनिधिमंडल में उप प्रधानमंत्री और विदेश मंत्री इशाक डार, वित्त मंत्री मुहम्मद औरंगजेब, सूचना मंत्री अत्ताउल्लाह तरार और प्रधानमंत्री के विशेष सहायक तारिक फातेमी भी शामिल हैं. शरीफ शुक्रवार को वॉशिंगटन में बोर्ड ऑफ पीस के सत्र में भाग लेंगे और अपने प्रवास के दौरान वरिष्ठ अमेरिकी अधिकारियों से मुलाकात करने की भी उम्मीद है.
18 फरवरी को प्रधानमंत्री कार्यालय की ओर से जारी प्रेस रिलीज में कहा गया कि बोर्ड ऑफ पीस के उद्घाटन सत्र में शामिल होने के अलावा शरीफ बैठक में भाग लेने वाले वरिष्ठ अमेरिकी नेतृत्व और अन्य समकक्ष नेताओं से भी संवाद करेंगे. इस बैठक में आठ मुस्लिम बहुल देशों के शामिल होने की संभावना है, जिनमें सऊदी अरब, तुर्की, मिस्र, जॉर्डन, इंडोनेशिया, पाकिस्तान, कतर और संयुक्त अरब अमीरात शामिल हैं.