scorecardresearch
 

मलेशिया के एक गांव में आग लगने से 200 घर खाक, सड़क पर आए सैकड़ों परिवार

मलेशिया के सबा राज्य में रविवार तड़के लगी भीषण आग ने भारी तबाही मचाई है. एक गांव में करीब 200 लकड़ी के घर जलकर राख हो गए, जिससे सैकड़ों लोग विस्थापित हो गए हैं.

Advertisement
X
मलेशिया के 200 घर जलकर राख (Photo: AP)
मलेशिया के 200 घर जलकर राख (Photo: AP)

मलेशिया के सबा (Sabah) राज्य के सैंडकन जिले में रविवार को एक तटीय गांव में भीषण आग लग गई. हादसे में करीब 200 घर पूरी तरह नष्ट हो गए. स्थानीय अग्निशमन विभाग को रविवार तड़के करीब 1:32 बजे आग की जानकारी मिली. सैंडकन जिले के फायर एंड रेस्क्यू चीफ जिमी लैगुंग के मुताबिक, तेज हवाओं और घरों के एक-दूसरे के बेहद करीब होने की वजह से आग बहुत तेजी से फैली. 

आग बुझाने की कोशिशों में एक बड़ी बाधा समुद्र में कम ज्वार (Low tide) की स्थिति रही, जिसकी वजह से अग्निशमन दल को पानी के स्रोत जुटाने में काफी मशक्कत करनी पड़ी. यह हादसा सबा के उन 'वॉटर विलेज' में से एक में हुआ, जहां लकड़ी के घर खंभों पर बने होते हैं. 

इन इलाकों में अक्सर गरीब समुदाय, स्वदेशी समूह और बिना नागरिकता वाले लोग रहते हैं. आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, अब तक करीब 445 लोग विस्थापित हो चुके हैं, जिन्हें सैंडकन के एक अस्थायी राहत केंद्र में भेजा गया है.

वॉटर विलेज में तबाही का मंजर

आग ने उन गरीब बस्तियों को निशाना बनाया, जो अपनी विशिष्ट बनावट की वजह से आग के प्रति बेहद संवेदनशील हैं. लकड़ी से बने ये घर समुद्र के किनारे खंभों पर टिके होते हैं. देखते ही देखते दर्जनों घर आग की लपटों में घिर गए और सैकड़ों परिवारों ने अपनी आंखों के सामने अपना आशियाना जलते हुए देखा.

Advertisement

मलेशिया के प्रधानमंत्री अनवर इब्राहिम ने इस घटना पर दुख जताते हुए कहा कि संघीय सरकार सबा के अधिकारियों के साथ मिलकर काम कर रही है. उन्होंने फेसबुक पोस्ट के जरिए बताया कि प्रभावित लोगों को बुनियादी सहायता और अस्थायी आवास उपलब्ध कराना उनकी प्राथमिकता है. उन्होंने जमीनी स्तर पर तत्काल सहायता और पीड़ितों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं.

यह भी पढ़ें: प्रेमी-प्रेमिका ने डंपर के आगे लगाई छलांग, दोनों की हुई मौत... कौशांबी में प्रेम कहानी का खौफनाक अंत

सैंडकन जिला प्रशासन ने प्रभावित लोगों के रहने और खाने-पीने की व्यवस्था के लिए अस्थायी राहत केंद्र सक्रिय कर दिए हैं. राहत केंद्रों में रजिस्टर्ड लोगों की तादाद लगातार बढ़ रही है. प्रशासन अब नुकसान का आकलन करने और इन परिवारों के पुनर्वास की योजना बनाने में जुटा है, जबकि अग्निशमन विभाग आग लगने के कारणों की जांच कर रहा है.

---- समाप्त ----
Live TV

Advertisement
Advertisement