हावड़ा के आमता विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत आने वाली कश्मुली ग्राम पंचायत में सोमवार को ग्रामीणों के भारी आक्रोश के कारण कानून-व्यवस्था बिगड़ गई. स्थानीय कश्मुली ग्राम पंचायत के प्रमुख तरुण दलुई के आवास पर एक उग्र भीड़ ने अचानक धावा बोल दिया और परिसर में जमकर तोड़फोड़ की. गांव के गुस्साए लोगों ने प्रधान के घर को निशाना बनाते हुए संपत्ति को भारी नुकसान पहुंचाया.
घटना की जानकारी मिलते ही जॉयपुर पुलिस थाने के अधिकारी और भारी पुलिस बल तुरंत मौके पर पहुंचे.
पुलिस ने स्थिति को अपने कंट्रोल में लिया और मामले की जांच शुरू कर दी है.
जॉब कार्ड में गबन का आरोप
सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, गांव वालों की इस नाराजगी की मुख्य वजह स्थानीय स्तर पर चल रहा वित्तीय भ्रष्टाचार है. ग्रामीणों का आरोप है कि पंचायत प्रमुख तरुण दलुई ने सरकारी आवास योजना (हाउसिंग स्कीम) के तहत गरीबों के लिए आवंटित किए गए फंड का गबन किया है.
इसके साथ ही, सरकारी योजनाओं से जुड़े 'जॉब कार्ड' की मजदूरी का पैसा भी लाभार्थियों तक नहीं पहुंचने दिया गया और उसे हड़प लिया गया. हक की कमाई और सरकारी मदद न मिलने से परेशान गांव वालों का धैर्य जवाब दे गया और उन्होंने सामूहिक रूप से प्रधान के घर का घेराव कर हमला कर दिया.
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इस पूरी घटना को लेकर हावड़ा ग्रामीण के पुलिस अधीक्षक सुबिरमल पाल ने फोन पर आधिकारिक पुष्टि की है. उन्होंने बताया कि 'जॉब कार्ड' और उससे जुड़े भुगतान को लेकर स्थानीय लोगों के बीच एक गंभीर विवाद खड़ा हो गया था. इसी विवाद के बढ़ने पर स्थानीय लोगों ने कानून अपने हाथ में लिया और पंचायत प्रमुख के आवास पर धावा बोल दिया.
पुलिस अधीक्षक सुबिरमल पाल ने आगे कहा कि पुलिस ने मामले को गंभीरता से लिया है, इस हिंसा और तोड़फोड़ की घटना में शामिल दोषी लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई शुरू की जा रही है.