महाकुंभ में आम जनता और वीआईपी नेताओं के बीच व्यवहार का अंतर सामने आया है. जहाँ गरीब लोग भीड़ और कठिनाइयों का सामना कर रहे हैं, वहीं बीजेपी नेता विनीत सिंह को विशेष सुविधाएँ मिलीं. योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को फटकार लगाई और व्यवस्था में सुधार के लिए कई बदलाव किए हैं. 12 फरवरी को माघ पूर्णिमा स्नान के लिए कड़े नियम लागू किए गए हैं, जिसमें नो व्हीकल जोन और वीआईपी पास रद्द करना शामिल है.