लखनऊ के मड़ियांव थाना क्षेत्र से धर्म परिवर्तन और घरेलू हिंसा से जुड़ा संवेदनशील मामला सामने आया है. पीड़ित महिला का आरोप है कि बातों में फंसाकर उसका धर्म परिवर्तन कराया गया. शादी के बाद उसे वर्षों तक शारीरिक और मानसिक प्रताड़ना झेलनी पड़ी. पीड़िता का कहना है कि मारपीट के बाद उसे घर से निकाल दिया गया, उसके बच्चों से अलग कर दिया गया. अब धमकियां दी जा रही हैं.
प्रियंका से आलिया बनी पीड़िता का कहना है कि 28 मई 2025 को उसके साथ मारपीट कर उसे घर से बाहर कर दिया गया. बच्चों को कहीं छुपा दिया गया है और जान-माल की धमकी देकर उसे डराया जा रहा है. डर के चलते वह लगातार ठिकाने बदलकर छिपकर रहने को मजबूर है. मड़ियांव इंस्पेक्टर शिवानंद मिश्रा का कहना है कि इस मामले में केस दर्ज कर लिया गया है. आरोपों की जांच की जा रही है.
पीड़िता ने कहा कि साल 2002 में वह करामत डिग्री कॉलेज निशातगंज में बीए की पढ़ाई कर रही थी, तभी उसकी मुलाकात मोहम्मद फैज वारसी से हुई. 6 जून 2003 को फैज के दबाव और बहकावे में आकर उसने मुस्लिम धर्म अपनाया और शादी कर ली. इसके बाद उसका नाम प्रियंका से बदलकर आलिया बानो कर दिया गया. उसके सभी पहचान पत्र और शैक्षणिक प्रमाण पत्र छीन लिए गए.
पीड़िता के अनुसार, शादी के कुछ समय बाद पति का व्यवहार आक्रामक हो गया. बच्चों के जन्म के बाद भी प्रताड़ना नहीं रुकी. साल 2022 में पति ने उसे अलग-अलग किराए के मकानों में रखा और बाहर काम करने का दबाव बनाया. मजबूरी में उसने इवेंट प्लानर का काम शुरू किया, लेकिन पैसे भी पति ले लेता था. विरोध करने पर उसे अंधेरे कमरे में बंद कर दिया जाता था, जिससे उसका मानसिक संतुलन बिगड़ने लगा. अब इस मामले में पुलिस जांच पड़ताल में जुटी है.