उत्तर प्रदेश में आईएएस अधिकारियों के लिए बड़े पैमाने पर पदोन्नति (प्रमोशन) की घोषणा की गई है. 154 आईएएस को पदोन्नति और सेलेक्शन ग्रेड देने के लिए डीपीसी की बैठक हुई, जिसके बाद देर रात ये फैसला लिया गया. इस बैठक में चार को छोड़कर 150 अधिकारियों को पदोन्नति देने पर सहमति बन गई है.
वर्ष 2000 बैच के आठ आईएएस अफसरों में से सात को प्रमुख सचिव बनाया जाएगा. एक अधिकारी के खिलाफ विभागीय जांच चलने के कारण उनके नाम पर विचार नहीं किया गया. पदोन्नति एक जनवरी से लागू होगी. इसके बाद अधिकारी अपने पद पर जॉइन करेंगे.
बता दें कि वर्ष 2012 बैच के 51 अफसरों को लगातार 13 साल की सेवा पर सलेक्शन ग्रेड, वर्ष 2016 बैच के 38 अधिकारियों को लगातार नौ साल की सेवा पर कनिष्ठ प्रशासनिक वेतनमान और चार साल की सेवा करने वाले वर्ष 2021 बैच के 17 आईएएस अधिकारियों को 6600 ग्रेड पे देने पर सहमति बन गई है. 1 जनवरी 2025 को इन सभी के पदोन्नति आदेश जारी हो जाएंगे.
वर्ष 2009 बैच के 40 अधिकारियों को विशेष सचिव से सचिव बनाने संबंधी प्रस्ताव पर चर्चा हुई. इसमें सुभ्रा सक्सेना, सूर्यपाल गंगवार, अदिति सिंह, डॉ. रूपेश कुमार, अनुज कुमार झा व माला श्रीवास्तव शामिल हैं.
इसी बैच के प्रमोशन पाने वाले अधिकारियों में डॉ. नितिन बंसल, मसूम अली सरवर, विजय किरण आनंद, भानु चंद्र गोस्वामी, प्रकाश बिंदु, एस राजलिंगम, विवेक, भूपेंद्र एस चौहान, वैभव श्रीवास्तव, अजीत कुमार, बृजेश नारायण सिंह, राकेश कुमार मिश्रा, रमाकांत पांडेय, अनुराग पटेल, आनंद कुमार सिंह द्वितीय, राम केवल, राजेश कुमार द्वितीय, मार्कंडेय शाही, अविनाश कृष्ण सिंह, राजेश प्रकाश, प्रमोद कुमार उपाध्याय, जगदीश, डॉ. अखिलेश कुमार मिश्रा, डॉ. अनिल कुमार, इंद्र विक्रम सिंह, डॉ. हीरालाल, शैलेंद्र कुमार सिंह, राकेश कुमार सिंह द्वितीय, अमर नाथ उपाध्याय, डॉ. अनिल कुमार सिंह, साहब सिंह, मानवेंद्र सिंह, अटल कुमार राय, नरेंद्र प्रसाद पांडेय का नाम शामिल है.
दरअसल, लखनऊ में बीते मंगलवार को मुख्य सचिव मनोज कुमार सिंह की अध्यक्षता में 154 आईएएस अफसरों को पदोन्नति, सलेक्शन ग्रेड और कनिष्ठ प्रशासनिक वेतनमान देने के लिए डीपीसी हुई थी. इसमें चार नामों के अलावा अन्य सभी पर सहमति बन गई. वर्ष 2000 बैच के 8 आईएएस ऑफिसरों में से 7 को प्रमुख सचिव बनाया जाएगा. एक अधिकारी के खिलाफ विभागीय जांच चल रही है, इसलिए बैठक में उनके नाम पर विचार नहीं किया गया.