लश्कर-ए-तैयबा (Lashkar e Taiba) दक्षिण एशिया में सक्रिय एक कट्टरपंथी आतंकवादी संगठन है, जिसकी स्थापना 1980 के दशक के अंत में पाकिस्तान में हुई मानी जाती है. यह संगठन मुख्य रूप से भारत विरोधी हिंसक गतिविधियों के लिए जाना जाता है और कश्मीर को लेकर अपनी चरमपंथी विचारधारा का प्रचार करता रहा है. भारत, अमेरिका, संयुक्त राष्ट्र और कई अन्य देशों ने लश्कर-ए-तैयबा को आतंकवादी संगठन घोषित कर रखा है.
लश्कर-ए-तैयबा का वैचारिक आधार कट्टर इस्लामी सोच पर टिका बताया जाता है. संगठन का उद्देश्य कथित तौर पर क्षेत्रीय अस्थिरता फैलाना और हिंसा के जरिए अपने राजनीतिक-धार्मिक एजेंडे को आगे बढ़ाना रहा है. इसके सदस्यों पर प्रशिक्षण शिविर चलाने, युवाओं की भर्ती करने और सीमापार आतंकी हमलों की साजिश रचने के आरोप लगते रहे हैं.
भारत में हुए कई बड़े आतंकी हमलों में लश्कर-ए-तैयबा का नाम सामने आया है. विशेष रूप से 2008 के मुंबई आतंकी हमले, जिनमें बड़ी संख्या में निर्दोष नागरिकों की जान गई थी, के पीछे इस संगठन की भूमिका अंतरराष्ट्रीय जांच एजेंसियों द्वारा उजागर की गई. इन घटनाओं ने वैश्विक स्तर पर आतंकवाद के खतरे को लेकर गंभीर चिंता पैदा की.
अंतरराष्ट्रीय समुदाय ने लश्कर-ए-तैयबा के खिलाफ सख्त कदम उठाने की मांग की है. संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने इससे जुड़े कई व्यक्तियों और संस्थाओं पर प्रतिबंध लगाए हैं. भारत लगातार वैश्विक मंचों पर इस संगठन के खिलाफ कार्रवाई और आतंकवाद के प्रति ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति पर जोर देता रहा है.
कुल मिलाकर, लश्कर-ए-तैयबा न केवल क्षेत्रीय शांति के लिए खतरा है, बल्कि अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा के लिए भी एक बड़ी चुनौती बना हुआ है. आतंकवाद के खिलाफ प्रभावी वैश्विक सहयोग और कठोर कार्रवाई ही ऐसे संगठनों पर लगाम लगाने का एकमात्र रास्ता मानी जाती है.
NIA ने लश्कर/TRF के खूंखार आतंकी सैफुल्लाह उर्फ साजिद जट्ट उर्फ 'लंगड़ा' को मुख्य आरोपी बनाया. लाहौर में बैठकर उसने हमले को रियल टाइम में करवाया था. उसके पैर में नकली टांग है.
दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने खुलासा करते हुए बताया कि बांग्लादेश मॉड्यूल के आतंकी शब्बीर ने गंजेपन से छुटकारा पाने के लिए हेयर ट्रांसप्लांट करवाया था और चमकीले दांतों के शौक में गुरुग्राम के एक डॉक्टर से संपर्क कर इलाज भी कराया था.
पाकिस्तान की पोल उसके ही आतंकवादियों ने खोल दी है. ऑपरेशन सिंदूर में पाकिस्तान की हालत किस कदर खराब हुई, ये सबने देखा. लेकिन आसिम मुनीर लगातार अपनी हार को जीत बनाने में तुले हुए हैं. इसके लिए इस बार उन्होंने लश्कर आतंकवादियों का सहारा लिया. लेकिन एक नहीं बल्कि 2-2 आतंकवादियों ने कबूल किया कि जब भारतीय सेना ने पाकिस्तान पर हमला किया तो वहां कोहराम मच गया. देखें वीडियो.
ऑपरेशन सिंदूर के एक्सक्लूसिव वीडियो में लश्कर के आतंकियों ने खुद कबूल किया कि मुरिदके मुख्यालय समेत नूर खान, शोरकोट और रहीम यार खान एयरबेसों पर भारी तबाही हुई.
ऑपरेशन सिंदूर के एक्सक्लूसिव वीडियो में लश्कर आतंकियों ने खुद कबूल किया कि मुरिदके मुख्यालय समेत नूर खान, शोरकोट और रहीम यार खान एयरबेसों पर भारी तबाही हुई. पाकिस्तान की 'जीत' वाली कहानी पूरी तरह झूठी साबित हुई.
पहलगाम हमले में 3 पाकिस्तानी आतंकियों और स्थानीय मददगारों का हाथ था. हाफिज सईद-मसूद अजहर ने पाकिस्तान से साजिश रची. एनआईए जांच और ऑपरेशन सिंदूर के जरिए सरकार अब सुरक्षा अभेद्य बनाकर आतंकी नेटवर्क को पूरी तरह खत्म कर रही है.
पाकिस्तानी नेता शाहीर सियालवी ने स्वीकार किया कि पाकिस्तान की सेना ने हाफिज सईद और मसूद अजहर के लिए लड़ाई लड़ी. मुरीदके और बहावलपुर में भारतीय हमलों के बाद सेना ने आतंकियों के शवों को सैन्य सम्मान दिया.
बेंगलुरु जेल कट्टरपंथीकरण मामले में NIA कोर्ट ने 7 आरोपियों को दोषी ठहराते हुए 7 साल की सजा सुनाई. लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े लिंक, आतंकी ट्रेनिंग और हमले की योजना का खुलासा हुआ. ये केस जेल के अंदर चल रहे आतंकी नेटवर्क और भर्ती की साजिश को उजागर करता है.
16 साल से फरार एक आतंकी ने पहचान छुपाने के लिए रसोइया, प्लंबर, पेंटर से लेकर स्टॉक ट्रेडर तक का रूप धारण किया. श्रीनगर पुलिस की जांच में सामने आया यह चौंकाने वाला खुलासा बताता है कि कैसे देश के अलग-अलग राज्यों में घुलमिलकर उसने आतंकी गतिविधियों को कायम रखा.
कश्मीर के पहलगाम हमले पर लश्कर-ए-तैयबा कमांडर अबू मूसा कश्मीरी के बयान ने पाकिस्तान की भूमिका पर सवाल खड़े कर दिए हैं. उसने दावा किया कि इस हमले से पाकिस्तान की अंतरराष्ट्रीय हैसियत बढ़ी और उसे अमेरिका-ईरान के बीच मध्यस्थता का मौका मिला. 26 लोगों की मौत वाले इस हमले को लेकर पहले से लगे आरोप अब और मजबूत हुए हैं. इससे पाकिस्तान की नीतियों, मंशा और वैश्विक विश्वसनीयता पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं.
भारत के खिलाफ फॉल्स फ्लैग नैरेटिव फैलाने की साजिश का खुलासा हुआ है. यह नाकाम कोशिश पाकिस्तामी मीडिया और खुफिया एजेंसी आईएसआई ने की. उन्होंने मीडिया और बॉट नेटवर्क के जरिए प्रोपेगेंडा फैलाया गया. जिसकी वजह से अब भारतीय सुरक्षा एजेंसियां हाई अलर्ट पर हैं. पढ़ें पूरी कहानी.
दिल्ली में गिरफ्तार लश्कर आतंकी शब्बीर अहमद लोन ने पूछताछ में खुलासा किया है कि उसने दिल्ली के कालकाजी मंदिर, लोटस टेंपल और छतरपुर मंदिर की रेकी की थी. इन तीनों मंदिरों की रेकी करने के बाद वीडियो पाकिस्तान में बैठे लश्कर के हैंडलर को भेजा गया. उसने दिल्ली के कनॉट प्लेस की भी रेकी का खुलासा किया. देखें वीडियो.
दिल्ली से गिरफ्तार लश्कर-ए-तैयबा के आतंकी शब्बीर अहमद लोन ने पूछताछ में बेहद चौंकाने वाले खुलासे किए हैं. उसने माना किया कि दिल्ली की मशहूर मंदिरों और भीड़भाड़ वाले इलाकों की रेकी की गई थी.
बड़ी खबर दिल्ली से है, जहां दिल्ली पुलिस ने लश्कर के एक आतंकी शब्बीर अहमद लोन को गिरफ्तार किया है. इस आतंकी की गिरफ्तारी बड़ी कामयाबी मानी जा रही है. खुलासा हुआ है कि गिरफ्तार आतंकी शब्बीर लश्कर के लिए भारत के खिलाफ साजिशें रच रहा था. वो बांग्लादेश में रहकर आतंकी साजिशों को अंजाम देने की फिराक में था. इसके लिए उसने कोलकाता को बेस बनाया था.
सुरक्षा एजेंसियों ने एक बड़ी कामयाबी हासिल करते हुए लश्कर-ए-तैयबा के आतंकी शब्बीर अहमद लोन को दिल्ली बॉर्डर गिरफ्तार कर लिया है.
दिल्ली बॉर्डर से लश्कर-ए-तैयबा का एक आतंकी शब्बीर अहमद लोन गिरफ्तार किया गया है. शब्बीर बांग्लादेश में बैठकर ISI के इशारे पर लश्कर का मॉड्यूल बनाता था. बीते दिनों दिल्ली और दक्षिणी भारत से लश्कर के मॉड्यूल का भंडाफोड़ किया गया. इस मॉड्यूल में दिल्ली और कोलकाता में कई जगह भारत विरोधी पोस्टर लगाए गए.
दिल्ली पुलिस स्पेशल सेल ने लश्कर-ए-तैयबा के आतंकी मॉड्यूल का पर्दाफाश किया है. एडिशनल सीपी प्रमोद कुशवाहा ने बताया कि फरवरी में दिल्ली और कोलकाता में आतंकी पोस्टर लगाए गए थे, जिनसे आतंकवादी संदेश फैलाए गए. इस कार्यवाही में 8 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया, जो तमिलनाडु और कोलकाता से थे. देखें वीडियो.
एसीसी विमेंस एशिया कप राइजिंग स्टार्स 2026 के फाइनल में भारत-ए ने बांग्लादेश-ए को 46 रनों से हराकर ख़िताब जीत लिया है. दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े बांग्लादेशी मॉड्यूल का बड़ा खुलासा किया है. मौसम विभाग ने देश के कई हिस्सों में बारिश का अलर्ट भी जारी किया है.
दिल्ली स्पेशल सेल ने लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े बांग्लादेशी मॉड्यूल का बड़ा खुलासा किया है. आठ संदिग्ध आतंकियों की गिरफ्तारी के बाद पता चला कि मॉड्यूल का हैंडलर शब्बीर शाह लश्कर के शीर्ष नेतृत्व, हाफिज सईद और जैकी उर रहमान लखवी से सीधे जुड़ा था.
दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने लश्कर-ए-तैयबा के एक बड़े आतंकी मॉड्यूल का पर्दाफाश करते हुए कोलकाता और तमिलनाडु से 8 संदिग्धों को गिरफ्तार किया है. जांच में सामने आया कि यह नेटवर्क पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी और बांग्लादेशी आतंकी संगठनों के इशारे पर काम कर रहा था.
दिल्ली में बड़े आतंकी हमले की योजना को नाकाम करते हुए पुलिस ने 8 आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनका कनेक्शन पाकिस्तान और बांग्लादेश से है. इन आरोपियों का कश्मीरी हैंडलर बांग्लादेश में बैठा है और वहीं से हमले की साजिश रच रहा है.