कोका-कोला (Coca-Cola) दुनिया के सबसे प्रसिद्ध सॉफ्ट ड्रिंक ब्रांड्स में से एक है. यह एक कार्बोनेटेड (गैस वाला) शीतल पेय है, जिसे आज दुनिया के 200 से अधिक देशों और क्षेत्रों में बेचा जाता है. इस ब्रांड का संचालन द कोका-कोला कंपनी (The Coca-Cola Company) करती है, जिसका मुख्यालय अमेरिका के जॉर्जिया राज्य के अटलांटा शहर में स्थित है.
कोका-कोला की शुरुआत साल 1886 में हुई थी. इसे अमेरिकी फार्मासिस्ट डॉ. जॉन स्टिथ पेम्बर्टन ने तैयार किया था. शुरुआत में यह पेय एक दवा की दुकान पर परोसा जाता था. बाद में कारोबारी आसा ग्रिग्स कैंडलर ने इसके अधिकार खरीदे और इसे बड़े स्तर पर बाजार में उतारा. समय के साथ यह ब्रांड अमेरिका से निकलकर दुनिया के अलग-अलग देशों तक पहुंच गया.
भारत में कोका-कोला की मौजूदगी कई दशकों पुरानी है. कंपनी ने अलग-अलग समय में भारतीय बाजार में अपनी गतिविधियां शुरू कीं और फिर दोबारा विस्तार किया. आज भारत में कंपनी के कई बॉटलिंग प्लांट और वितरण केंद्र हैं, जहां से देश के विभिन्न हिस्सों में उत्पाद पहुंचाए जाते हैं.
कोका-कोला कंपनी केवल कोका-कोला पेय ही नहीं बनाती, बल्कि उसके पास कई अन्य पेय पदार्थों के ब्रांड भी हैं. इनमें जूस, पैकेज्ड ड्रिंकिंग वॉटर, स्पोर्ट्स ड्रिंक, चाय, कॉफी और अन्य कार्बोनेटेड ड्रिंक्स शामिल हैं. अलग-अलग देशों में कंपनी स्थानीय बाजार और उपभोक्ताओं की पसंद के अनुसार अपने उत्पाद उपलब्ध कराती है.
कोका-कोला की पैकेजिंग भी समय के साथ बदलती रही है. कंपनी अपने पेय को कांच की बोतल, प्लास्टिक की बोतल, कैन और बड़े फैमिली पैक जैसे कई विकल्पों में बेचती है. विभिन्न देशों में पैकेजिंग का आकार और डिजाइन स्थानीय जरूरतों के अनुसार अलग हो सकता है.
भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (FSSAI) ने छह प्रमुख एनर्जी ड्रिंक ब्रांडों को उनके उत्पादों की भ्रामक ब्रांडिंग और प्रचार के लिए नोटिस जारी किया है.
Reliance Chairman मुकेश अंबानी एक के बाद एक नए सेक्टर में एंट्री मारते जा रहे हैं. इसी क्रम में Campa Cola के साथ उन्होंने कोला बाजार में कदम रखा है. उन्होंने 70 के दशक में टॉप पर रहने वाले कैंपा कोला ब्रांड को चुना और प्योर ड्रिंक ग्रुप के साथ करीब 22 करोड़ रुपये में डील करके इसे अपना बनाया है.
भारत में अमेरिकी कंपनी कोका कोला, हिंदुस्तान कोका कोला का आईपीओ लाने पर विचार कर रही है. एक साल में इसका आईपीओ आ सकता है.
अमेरिका में सरकारी खाद्य सहायता योजना को लेकर हुई संसदीय सुनवाई का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है. सुनवाई के दौरान एक सांसद ने कोका-कोला जैसी मीठी ड्रिंक्स को लेकर ऐसा सवाल पूछा कि पूरे हॉल में बहस छिड़ गई.