पंडित सैलेंद्र पांडेय इस वीडियो में बात करेंगे कि बृहस्पति और सूर्य एक कुंडली में बैठे हो तो इसका प्रभाव क्या होता है. गुरु और सूर्य का संयोग सामान्यतः शुभ होता है. परन्तु इसका शुभ फल तभी मिलता है, जब गुरु अस्त न हो. इसके होने से व्यक्ति धनवान, न्यायप्रिय तथा मंत्री होता है. व्यक्ति जीवन में ज्ञान के कारण सूर्य की तरह चमकता है. कभी कभी इस योग के कारण संतान को कष्ट हो जाता है. देखें वीडियो.