वेटलिफ्टर जेरेमे लालरिनुंगा ने इतिहास रच दिया है. 15 साल के इस प्रतिभाशाली वेटलिफ्टर ने युवा ओलंपिक खेलों के इतिहास में भारत को पहला स्वर्ण पदक दिलाने में कामयाबी पाई है.
A historic gold for Jeremy!
What a show by our 15 yr-old weightlifter who won gold in men’s 62 kg at with an overall lift of 274 kg. It’s India’s 1st gold in any edition of the . 🇮🇳🏋️♂️
— SAIMedia (@Media_SAI)
जेरेमे लालरिनुंगा ने ब्यूनस आयर्स में जारी यूथ ओलंपिक में 62 किलो ग्राम भार वर्ग में यह स्वर्णिम सफलता पाई. जेरेमे ने कुल 274 किलो ग्राम (स्नैच में 124 और जर्क में 150 किग्रा) वजन उठाकर स्वर्ण पदक पर कब्जा किया. रजत पदक तुर्की के तोपटास कानेर ने 263 किलो वजन उठाकर जीता. कोलंबिया के विलार एस्टिवन जोस को कांस्य पदक मिला.
जेरेमे आइजोल (मिजोरम) के हैं. उन्होंने विश्व युवा चैंपियनशिप में भी रजत पदक जीता था. इसी महीने 26 तारीख को 16 साल के होने जा रहे जेरेमे एशियाई चैंपिनशिप में रजत (युवा) और कांस्य (जूनियर) पदक जीत चुके हैं.
भारत को 2010 के सिंगापुर यूथ ओलंपिक में 8 पदक मिले, लेकिन उसमें एक भी स्वर्ण शामिल नहीं रहा. यही हाल 2014 के नानजिंग यूथ ओलंपिक का रहा, जहां भारत ने दो मेडल जरूर जीते, लेकिन गोल्ड का खाता नहीं खुला.
इससे पहले मौजूदा युवा ओलंपिक में सोमवार को शूटर मेहुली घोष स्वर्ण पदक पाने से चूक गई थीं और उन्हें रजत पदक से संतोष करना पड़ा था.
शूटर मेहुली ने शुरू से अच्छा प्रदर्शन किया, लेकिन 24वें और अंतिम शॉट में 9.1 का स्कोर उन्हें भारी पड़ा, जिससे वह स्वर्ण पदक से चूक गईं. उनका कुल स्कोर 248.0 रहा.
उधर, थंगजान तबाबी देवी ने सोमवार को ओलंपिक स्तर पर भारत को जूडो में पहला पदक दिलाते हुए युवा खेलों में महिलाओं के 44 किलो वर्ग में रजत पदक जीता. मणिपुर की एशियाई कैडेट चैंपियन तबाबी देवी को यूथ ओलंपिक के फाइनल में वेनेजुएला की मारिया जिमिनेज ने 11-0 से हराया.
जेरेमे लालरिनुंगा के इस स्वर्ण पदक के बाद भारत का युवा ओलंपिक में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन तय हो गया है. भारत चार पदक पहले ही जीत चुका है. तुषार माने और मेहुली घोष ने 10 मीटर एयर राइफल में रजत पदक जीता, जबकि जूडो में टी तबाबी देवी ने 44 किलो वर्ग में दूसरे स्थान पर रहकर भारत को पहला पदक दिलाया. गौरतलब है कि भारत ने 2014 में नानजिंग युवा ओलंपिक में एक रजत और एक कांस्य पदक जीता था, जबकि 2010 में सिंगापुर में छह रजत और दो कांस्य पदक जीते थे.