23 जुलाई से कॉमनवेल्थ गेम्स शुरू होने वाले हैं. भारत की ओर से मेडल की दौड़ में इन महिला एथलीटों पर नजर होगी. अलग-अलग प्रतिस्पर्धाओं में ये महिला खिलाड़ी देश का नाम रौशन करने के लिए तैयार हैं.
ज्वाला गुट्टा (बैडमिंटन, डबल्स)
30 साल की ज्वाला गुट्टा भले ही अपने करियर के पीक पर न हों लेकिन अश्विनी पोनप्पा के साथ मिलकर ये खिलाड़ी भारत को मेडल जिताने का माद्दा रखती है. इन दोनों ने मिलकर दिल्ली में हुए कॉमनवेल्थ गेम्स में गोल्ड मेडल जीता था.
दीपिका पल्लिकल (स्क्वैश)
22 साल की उम्र में ही दीपिका पल्लिकल दुनिया की टॉप टेन स्क्वैश खिलाड़ियों में शुमार हो गईं. दीपिका से देश को मेडल की बहुत उम्मीद है. हाल ही में क्रिकेटर दिनेश कार्तिक से शादी करने वाली दीपिका सिंगल्स, विमेंस डबल्स और मिक्स्ड डबल्स में खेलेंगी. विमेंस सिंगल्स में जोशना चिनप्पा उनकी जोड़ीदार होंगी वहीं मिक्स्ड डबल्स में सौरव घोषाल उनके जोड़ीदार होंगे.
अश्विनी पोनप्पा (बैडमिंटन, डबल्स)
ज्वाला गुट्टा के साथ मिलकर अश्विनी पोनप्पा ने बैडमिंटन डबल्स में कई खिताब जीते हैं. उबेर कप में अश्विनी दिखा चुकी हैं कि उनके खेल में बहुत सुधार हुआ है.
हिना सिद्धू (10 मीटर एयर पिस्टल)
डेंटिस्ट हिना सिद्धू ने दिल्ली कॉमनवेल्थ गेम्स में एयर पिस्टल की एकल स्पर्धा में सिल्वर और युगल में गोल्ड मेडल जीता था. इसके अलावा लंदन ओलंपिक में भी हिस्सा लिया. पिछले साल म्यूनिख में हुए वर्ल्ड कप फाइनल्स में गोल्ड मेडल जीतकर हिना ने अपना लोहा मनवाया. हिना से भी भारत मेडल की उम्मीद कर रहा है.
मनिका बत्रा (टेबल टेनिस)
दिल्ली की मनिका बत्रा काफी अटैकिंग प्लेयर हैं. टेबल टेनिस के सिंगल्स में मनिका की राह मुश्किलों भरी हो सकती है लेकिन मिक्स्ड डबल्स में मनिका कमाल कर सकती हैं. मिक्स्ड डबल्स में सनिल शेट्टी के साथ खेलेंगी मनिका.
रानी (हॉकी)
भारतीय महिला हॉकी टीम की इस सदस्य से काफी उम्मीदें हैं. 2010 वर्ल्ड कप में जब रानी ने नेशनल टीम में जगह बनाई थी उस समय उनकी उम्र महज 15 साल थी. इसके साथ ही हरियाणा की इस फॉरवर्ड खिलाड़ी ने सबसे कम उम्र में टीम जगह बनाने का रिकॉर्ड भी बनाया था. 2013 जूनियर वर्ल्ड कप में रानी को प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट चुना गया था. इसके अलावा रानी एकमात्र ऐसी भारतीय खिलाड़ी हैं जो FIH विमेंस यंग प्लेयर ऑफ द ईयर अवॉर्ड के लिए नॉमिनेट हुई हैं.