भारत ने आज (10 मार्च, 1985) ही 36 साल पहले ऑस्ट्रेलिया में इतिहास रचा था. मेलबर्न (MCG) में खेले गए बेंसन एंड हेजेज वर्ल्ड चैम्पियनशिप के फाइनल में भारत ने पाकिस्तान को 8 विकेट से हराकर ट्रॉफी पर कब्जा किया था. इसे 'मिनी वर्ल्ड कप' भी कहा जाता है. भारत की जीत के हीरो रवि शास्त्री रहे थे. उन्हें इस टूर्नामेंट में 'चैम्पियन ऑफ चैम्पियंस' का खिताब और इनाम के तौर पर नई चमचमाती ऑडी कार दी गई थी.
भारतीय क्रिकेट टीम के कोच रवि शास्त्री ने बुधवार को एक खास ट्वीट कर उन्हीं लम्हों को याद किया और बताया कि 36 नंबर से उनका खास नाता रहा है. रवि शास्त्री ने ट्वीट कर लिखा- बहुत सारे 36. मेरे 6 छक्के. एडिलेड में टीम के 36 रन. वनडे में भारत की ओर से खेलने वाले 36वें खिलाड़ी. गावस्कर 36. शास्त्री ने युवराज सिंह को टैग करते हुए उनके 6 छक्के का भी जिक्र किया.
Ha... Too many 36's. Six 6s mine. Team 36 Adelaide. One day number 36. Gavaskar 36. six 6s. Could be more…🇮🇳🙌🏻
— Ravi Shastri (@RaviShastriOfc)
बता दें कि रवि शास्त्री ने 1985 में बंबई और बड़ोदा के बीच मैच में 6 गेंदों पर 6 छक्के जड़े थे. उन्होंने रणजी ट्रॉफी के इस मैच में बड़ोदा के स्पिनर तिलक राज के ओवर में ये कारनामा किया था. शास्त्री को यह इतिहास रचे 36 साल हो गए और 6 छक्कों का योग भी 36 होता है.
वहीं, उनके कोच रहते भारतीय टीम पिछले साल ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ एडिलेड में 36 रनों पर सिमट गई थी. भारतीय टीम का ये टेस्ट में सबसे कम स्कोर है. 36 रन पर आउट होने के बाद भारतीय टीम ने सीरीज में वापसी की और ऑस्ट्रेलिया को 2-1 से मात दी. इसके अलावा रवि शास्त्री वनडे में भारत की ओर से खेलने वाले 36वें खिलाड़ी रहे हैं. गावस्कर की कप्तानी में भारत ने 1985 में बेंसन एंड हेजेज वर्ल्ड चैम्पियनशिप जीती, उस साल गावस्कर की उम्र 36 साल थी.
रवि शास्त्री के बाद कृष्णमाचारी श्रीकांत ने वनडे में डेब्यू किया था. वह 37वें खिलाड़ी थे. भारत की ओर से अब तक 232 खिलाड़ी वनडे मैच खेल चुके हैं. तेज गेंदबाज टी नटराजन (232) वनडे में भारत की ओर से डेब्यू करने वाले आखिरी खिलाड़ी हैं. वहीं, टी-20 वर्ल्ड कप में युवराज सिंह ने इंग्लैंड के खिलाफ जब 6 छक्के जड़े थे तब रवि शास्त्री कमेंट्री कर रहे थे. युवराज ने स्टुअर्ट ब्रॉड के ओवर में 6 छक्के लगाए थे. भारत इस मैच को जीतने में सफल रहा था.