क्रिकेट की दुनिया से एक दुखद खबर सामने आई है. मुंबई के पूर्व फर्स्ट क्लास क्रिकेटर राजेश वर्मा का रविवार को मुंबई में दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया. दाएं हाथ के मध्यम गति के तेज गेंदबाज राजेश वर्मा 40 साल के थे. राजेश वर्मा के टीममेट रह चुके भाविन ठक्कर ने उनके निधन की पुष्टि की. राजेश वर्मा ने दिलीप वेंगसरकर के एल्फ अकादमी में क्रिकेट से जुड़ीं बारीकियां सीखीं.
भाविन ठक्कर ने एक अंग्रेजी अखबार से कहा, 'मैं पूरी तरह से स्तब्ध हूं. हमने अपने अंडर -19 दिनों के बाद से अपनी क्रिकेट जर्नी एक साथ बिताई. हम वडाला से एक साथ मैदान की यात्रा करते थे. 20 दिन पहले वह बीपीसीएल के लिए मेरे साथ दौरे पर थे. कल शाम 30 मिनट उनसे बात हुई थी और आज सुबह 4 बजे मुझे फोन आया कि वह चले गए हैं.'
ठक्कर ने आगे कहा, 'वह एक बेहतरीन इंसान और मेरे बहुत करीबी दोस्त थे. वह एक बहुत ही प्रतिभाशाली तेज गेंदबाज थे. आज के दौर में वह आईपीएल में अच्छा प्रदर्शन कर रहे होते. उन्हें इससे कहीं अधिक हासिल करना चाहिए था. वह अपनी मर्जी से यॉर्कर फेंकते थे और उनकी यॉर्कर अचूक थी.'
राजेश ने चटकाए 48 विकेट
राजेश वर्मा ने सात प्रथम श्रेणी मैच खेले. वह 2006-07 में मुंबई की रणजी ट्रॉफी विजेता टीम के भी सदस्य रह चुके थे. वर्मा ने 2002/03 सीजन के जरिए प्रथम श्रेणी में पदार्पण किया था और अपना आखिरी मैच 2008 में ब्रेबोर्न स्टेडियम में पंजाब के खिलाफ आखिरी फर्स्ट क्लास मैच खेला.
फर्स्ट क्लास के सात मैचों में राजेश वर्मा ने 23 विकेट लेने में कामयाबी हासिल की. इस दौरान उनका एक पारी में सर्वश्रेष्ठ गेंदबाजी आंकड़ा 97 रन देकर 5 विकेट लेना रहा. राजेश वर्मा ने ग्यारह लिस्ट-ए मैच भी खेले जिसमें उन्होंने कुल 20 विकेट हासिल किए. इसके अलावा 4 टी20 मैच में राजेश ने 5 विकेट प्राप्त किए.