आईपीएल 2026 में 18 मई (सोमवार) को चेपॉक में खेले गए मुकाबले में सनराइजर्स हैदराबाद ने चेन्नई सुपर किंग्स को 5 विकेट से हरा दिया. इस जीत के बाद सनराइजर्स हैदराबाद ने प्लेऑफ में भी अपनी जगह पक्की कर ली. मैच खत्म होने के बाद सबसे ज्यादा चर्चा ईशान किशन के वायरल वीडियो की हो रही है, जीत के बाद ईशान का सेलिब्रेशन फैन्स के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है.
जीत के बाद उन्होंने स्टैंड्स की तरफ देखकर उंगलियों से सीटी बजाने (विसल पोडू' -Whistle Podu) ) का इशारा किया और फिर हाथ के इशारे से दर्शकों को घर जाने का संकेत दिया. माना जा रहा है कि यह प्रतिक्रिया उनकी पारी के दौरान चेपॉक की भीड़ द्वारा लगातार की गई हूटिंग का जवाब थी.
Ishan Kishan 🤷 pic.twitter.com/7gXIZO53zS
— CricketGully (@thecricketgully) May 18, 2026
ईशान किशन ने खेली मैच जिताऊ पारी
ईशान किशन ने 47 गेंदों में बेहतरीन 70 रनों की पारी खेली और सनराइजर्स हैदराबाद को प्लेऑफ में पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई.
ईशान ने अपनी इस पारी में 7 चौके और 3 छक्के लगाए. ईशान की इस पारी के लिए उनको 'प्लेयर ऑफ द मैच' भी मिला.
ईशान किशन ने इस सीजन 13 मैच खेले हैं, जिसमें 179.49 की स्ट्राइक रेट से 490 रन बनाए हैं. उनकी पारी ने मुश्किल समय में टीम की पारी को संभाला और विकेट गिरने के बावजूद हैदराबाद को मैच पर नियंत्रण बनाए रखने में मदद की. हालांकि इस पारी को खास बनाने वाली सिर्फ उनकी बल्लेबाजी नहीं थी, बल्कि इसके पीछे छिपी भावनात्मक कहानी भी थी.
मैच के बाद बात करते हुए किशन ने अपनी पारी के पीछे की भावनात्मक वजह का खुलासा किया. उन्होंने इस जीत को अपने कजिन और परिवार को समर्पित किया, जो T20 World Cup 2026 के दौरान एक निजी त्रासदी से गुजरे थे.
Played for something much bigger than just the game tonight 🧡
— IndianPremierLeague (@IPL) May 18, 2026
A deeply special knock for a very special reason 🥺#TATAIPL | #KhelBindaas | #CSKvSRH | @SunRisers | @ishankishan51 pic.twitter.com/njHDlnArUX
किशन ने कहा, 'कभी-कभी सब कुछ मोटिवेशन पर निर्भर करता है. आज मेरा मोटिवेशन मेरा कजिन था, जो वहां खड़ा है. उसने अपनी बहन को खो दिया. परिवार के लिए वह बहुत मुश्किल समय था. वे पहली बार मैच देखने आए थे, इसलिए मैं उनके लिए मैच खत्म करना चाहता था.'
उन्होंने आगे कहा, 'मुझे खुशी है कि वे इस पारी के गवाह बने और मैं टीम को जीत दिला सका. ऊपरवाले का आशीर्वाद था. मेरे अंदर अलग ही ताकत महसूस हो रही थी. अगर हम क्वालिफाई करते हैं तो वह खुश होगा'
मैच के अंत में ईशान किशन का आक्रामक जश्न शायद सिर्फ जीत की खुशी नहीं था, बल्कि उन भावनाओं का भी इजहार था जिन्हें वह लंबे समय से अपने अंदर दबाए हुए थे.