Sarpagandha Plant: गर्मी का पारा बढ़ते ही एक डर सबको सांपों का डर सताने लगता है. खास तौर पर अगर आप ऐसी जगह रहते हैं जहां आस-पास पेड़-पौधे या खाली प्लॉट हों. लेकिन क्या आप जानते हैं कि हमारे पास एक ऐसा देसी गार्ड है जो न सिर्फ सांपों को घर से दूर रखता है, बल्कि घर में होने वाली चिक-चिक और कलह को भी शांत कर देता है? हम बात कर रहे हैं सर्पगंधा की. इस पौधे को लेकर क्या मान्यताएं हैं और इसे घर में कहां लगाना चाहिए, जानते हैं.
वास्तु शास्त्र की मानें तो सर्पगंधा कोई साधारण पौधा नहीं है. यह घर के भीतर की निगेटिव एनर्जी को सोख लेता है. अगर आपके घर में छोटी-छोटी बातों पर झगड़े होते हैं, मन भारी-भारी रहता है या अजीब सी बेचैनी बनी रहती है, तो सर्पगंधा आपके लिए एक बढ़िया उपाय है. यह घर के माहौल को हल्का करता है और आपको मानसिक सुकून देता है.
सांप क्यों भागते हैं इससे?
गांव-देहात में तो इसे सांपों का दुश्मन ही कहा जाता है. पुरानी मान्यता है कि इसकी जड़ों और पत्तों की गंध इतनी तेज होती है कि सांप इसके आस-पास भी नहीं फटकते. इसीलिए पुराने लोग इसे घर के बाहर या बाउंड्री पर जरूर लगाते थे. सालों से लोग इसे नेचुरल सिक्योरिटी गार्ड के तौर पर इस्तेमाल कर रहे हैं.
सही दिशा का रखें ध्यान
वास्तु के हिसाब से अगर आपने इसे गलत दिशा में लगा दिया, तो इसका पूरा फायदा नहीं मिलेगा.
सबसे अच्छी दिशा: इसे घर की पूर्व (East) या दक्षिण-पूर्व दिशा में लगाएं.
फायदा: इस दिशा में लगाने से घर में पॉजिटिविटी आती है.
मेन गेट: कई लोग इसे मेन गेट के पास भी रखते हैं ताकि घर के अंदर आने वाली हवा और एनर्जी दोनों शुद्ध रहें.
राहु-केतु और कालसर्प दोष
ज्योतिष के नजरिए से देखें तो सर्पगंधा का सीधा कनेक्शन राहु और केतु से है. कहते हैं कि जिनकी कुंडली में कालसर्प दोष होता है, उनके लिए यह पौधा बहुत लकी होता है. इसे घर में लगाने से ग्रहों की उथल-पुथल शांत होती है और इंसान को अंदरूनी शांति मिलती है.