Makar Sankranti 2026: द्रिक पंचांग के अनुसार, इस समय सूर्य धनु राशि में स्थित हैं और यहां लगभग एक महीने तक रहने के बाद 14 जनवरी 2026 को मकर राशि में प्रवेश करेंगे. सूर्य के इस राशि परिवर्तन के साथ ही मकर संक्रांति का पर्व मनाया जाएगा. ज्योतिष शास्त्र के मुताबिक, सूर्य देव एक राशि से दूसरी राशि में पूरे 1 महीने के अंतराल पर जाते हैं, जिसका प्रभाव हर जातक के जीवन पर पड़ता है. जहां कुछ राशियों के लिए यह परिवर्तन शुभ संकेत लेकर आएगा, वहीं कुछ राशियों के लिए यह समय चुनौतियों भरा हो सकता है. सूर्य का मकर राशि में प्रवेश कुछ लोगों के जीवन में तनाव, खर्च और परेशानियों भरा हो सकता है. तो आइए जानते हैं कि मकर संक्रांति से किन राशियों को सावधान रहने की सलाह दी जा रही है.
मिथुन
मिथुन राशि के जातकों को 14 जनवरी के बाद स्वास्थ्य को लेकर सतर्क रहने की जरूरत है. छोटी-छोटी परेशानियां बढ़ सकती हैं, जिसके कारण खर्च भी ज्यादा हो सकता है. कामकाज में मन कम लग सकता है. थकान महसूस हो सकती है. इस समय आराम और दिनचर्या पर विशेष ध्यान देना जरूरी होगा.
वृश्चिक
वृश्चिक राशि वालों के लिए सूर्य का यह गोचर तनावपूर्ण स्थितियां बना सकता है. किसी करीबी या सहकर्मी से कहासुनी होने के योग हैं. व्यापार से जुड़े लोगों को लाभ की जगह नुकसान झेलना पड़ सकता है. मानसिक दबाव बढ़ने से निर्णय लेने में भी दिक्कत आ सकती है, इसलिए धैर्य बनाए रखना जरूरी होगा.
धनु
धनु राशि वालों के लिए मकर संक्रांति के बाद का समय मानसिक और पारिवारिक दबाव बढ़ा सकता है. घर-परिवार में मतभेद उभर सकते हैं, जिससे मन अशांत रह सकता है. आर्थिक मामलों में भी सावधानी जरूरी होगी, क्योंकि अनजाने में नुकसान होने की आशंका बन रही है. इस दौरान किसी भी बड़े फैसले को टालना बेहतर रहेगा.
कुंभ
कुंभ राशि वालों के लिए मकर संक्रांति के बाद का समय खर्च और रिश्तों के लिहाज से चुनौतीपूर्ण रह सकता है. बेवजह खर्च बढ़ सकता है और साझेदारी या वैवाहिक जीवन में तनाव देखने को मिल सकता है. बिजनेस में भी अपेक्षित लाभ न मिलने से निराशा हो सकती है. इस दौरान सोच-समझकर कदम उठाना आपके लिए फायदेमंद रहेगा.