किसी ने सही कहा है कि हर इंसान के अंदर कोई न कोई प्रतिभा जरूर छिपी होती है. और वो कभी न कभी सामने जरूर आती है. कोर्ट में चपरासी के पद पर कार्यरत हर्षल हिवसे के अंदर भी एक ऐसा ही नायाब कलाकार छुपा था. जो अब धीरे-धीरे दुनिया के सामने आ रहा है. महाराष्ट्र के वाशिम जिले के रहने वाले हर्षल चॉक पर टाचपिन की मदद से देवी-देवताओं और धर्मगुरुओं की प्रतिमा बड़ी सफाई से उकेरते हैं.
पिछले सप्ताह ही गुड फ्राइडे के दिन हर्षल ने चॉक को तराशकर ईसा मसीह की एक सुंदर प्रतिमा बनाई थी. उन्होंने बताया कि इस लघु प्रतिमा को बनाने में उन्हें पूरे 8 दिन लगे थे.
इसके बाद हर्षल ने वॉटर कलर की मदद से उस सूक्ष्म प्रतिमा में चार चांद लगा दिए. चॉक पर इन प्रतिमाओं को उकेरना आसान नहीं होता है. जरा सी चूक से आपकी पूरी मेहनत खराब हो सकती है. इसलिए इसमें बहुत एहतियात बरतना पड़ता है.
हर्षल इससे पहले भी कई सुंदर प्रतिमाएं चॉक पर उकेर चुके हैं. उन्होंने चॉक को तराशकर शेषनाग, विट्ठल रुख्मिणी, गौतम बुद्ध और चामुंडा देवी की मूर्ति भी बनाई है.