सास जज थी, पति वकील है और भाई भारतीय सेना में मेजर. मगर इसके बावजूद उसने खुद अपने हाथों से अपने गले में फांसी का फंदा कस लिया. क्योंकि वो एक बहू थी. एक ऐसी बहू जिसकी लाश पिछले 6 दिनों से एक सरकारी अस्पताल के मुर्दाघर में पड़ी है. पति फरार है. और जज रह चुकी सास को इसलिए जमानत मिल गई क्योंकि उन्होंने कानून की बहुत सेवा की थी.