साल 2010 से कुछ ऐसे ब्यूटी ट्रेंड्स आए थे जिसे हर किसी ने फॉलो करना शुरु कर दिया था लेकिन कुछ समय के बाद ये ट्रेंड्स फीके पड़ने लगे. ब्यूटी एक्सपर्ट की मानें तो 2020 में ये ट्रेंड्स पूरी तरह से खत्म हो जाएंगे. आइए जानते हैं इनके बारे में.
बेड टैनिंग
बेड टैनिंग की शुरुआत 2010 में हुई थी. बेड टैनिंग बॉडी को रिलैक्स तो करता है लेकिन इसके अपने नुकसान भी हैं. इसकी वजह से लोगों में स्किन कैंसर का खतरा बढ़ने लगा था. धीरे-धीरे लोगों में इसका क्रेज कम होने लगा था और 2020 में ये पूरी तरह खत्म हो जाएगा.
बोल्ड लुक पाने के लिए थिक आईलाइनर लगाने का चलन शुरु हुआ था. सेलिब्रिटीज से लेकर हर किसी नें इस ट्रेंड को खूब फॉलो किया. सेलिब्रिटी मेकअप आर्टिस्ट का कहना है कि आने वाले सालों में लोग पूरी तरह से मोटा आईलाइनर लगाना बंद कर देंगे.
पलकों की खूबसूरती बढ़ाने के लिए ग्लिटर आईशैडो का फैशन भी पिछले कुछ सालों में खूब चला. ग्लिटर को बिल्कुल सही तरीके से लगाना भी एक कला है. जरा सी लापरवाही आंखों को नुकसान भी पहुंचा सकती है. ग्लिटर आईशैडो का ट्रेंड पिछले कुछ सालों में कम हो गया है.
फेशियल ऑयल का इस्तेमाल चेहरे पर पिंपल्स, सूजन और जलन जैसी समस्याओं से निजात दिलाने का लिए शुरु हुआ था. कुछ लोगों का कहना है कि फेशियल ऑयल बैक्टीरियल इन्फेक्शन को बढ़ावा देते हैं.
नेगेटिव स्पेस आईलाइनर का चलन बढ़ाने का पूरा श्रेय मॉडल्स और एक्ट्रेसेज को जाता है. इस लुक को कुछ खास मौकों पर ही ट्राई किया जाता है. हालांकि ज्यादातर महिलाओं को आईलाइनर लगाने का ये तरीका पसंद नहीं. इसलिए आने वाले साल में ये ट्रेंड पूरी तरह खत्म हो जाएगा.
ग्लिटर हाइलाइटर का चलन भी कुछ सालों में बहुत कम हुआ है. ये इस्तेमाल खासतौर से फोटोशूट या टीवी स्क्रीन तक ही सीमित रह गया. डेली मेकअप रूटीन में महिलाएं ग्लिटर हाइलाइटर लगाना पसंद नहीं करतीं.