मखाने में फाइबर की मात्रा ज्यादा होती है. साथ ही इसमें सोडियम कम होता है और ये मैंगनीज, पोटेशियम, मैग्नीशियम, थियामिन, प्रोटीन और फास्फोरस जैसे तमाम गुणों से भरपूर है. लेकिन, मखाना खाने के कितने भी फायदे क्यों न हो कुछ लोगों के लिए इसे खाना नुकसानदेह हो सकता है.
किडनी रोग से ग्रसित लोग
अगर आपको किडनी में स्टोन की समस्या है, तो मखाने का सेवन न ही करें,तो अच्छा है. बता दें कि मखाना कैल्शियम से भरपूर है. अगर ज्यादा मात्रा में इसका सेवन किया, तो शरीर में कैल्शियम की मात्रा बढ़ जाएगी. साथ में यह स्टोन का आकार भी बढ़ा देगा.
एलर्जी वाले लोग
मखाना के बीज एलर्जी, गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल समस्याओं वालों को परेशान कर सकता है. अगर अधिक मात्रा में सेवन किया जाए, तो यह कब्ज और सूजन का कारण बन सकता है.
शुगर मरीज
मखाना एक लो ग्लाइसेमिक फूड है और डायबिटीज के मरीज इसका सेवन कर सकते हैं. हालांकि, अगर आपका वर्तमान में ब्लड शुगर ज्यादा बढ़ा हुआ है, तो इसका सेवन करना हानिकारक हो सकता है. बढ़े हुए ब्लड शुगर के दौरान मखाने की जगह ऐसी चीजों का सेवन करना चाहिए, जो ब्लड शुगर को तेजी से कम करने में मदद करें.
दिल के मरीज
बैड कोलेस्ट्रॉल के मरीजों को मखाने का सेवन सो समझ कर ही करना चाहिए. खासतौर पर जब आपका एलडीएल लेवल यानी बैड कोलेस्ट्रॉल बढ़ा हुआ है, तो ज्यादा मात्रा में मखाना का सेवन न करें. मखाना बैड कोलेस्ट्रॉल नहीं बढ़ाता है, लेकिन इसका ज्यादा सेवन करना बैड कोलेस्ट्रॉल के मरीजों को कई नुकसान पहुंचा सकता है.
एसिडिटी से परेशान लोग
अगर आपको नियमित रूप से एसिडिटी की समस्या रहती है, तो बहुत अधिक मखाने खाने से बचें. ऐसा इसलिए है क्योंकि मखाने में मौजूद फाइबर और कार्बोहाइड्रेट पाचन तंत्र में किण्वित हो सकते हैं जिससे बहुत असुविधा हो सकती है.