लखनऊ के हजरतगंज में स्थित लेवाना होटल में हुए अग्निकांड के मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच ने होटल के मालिक और मैनेजर को जमानत दे दी है. बता दें कि होटल में आग लगने की घटना में चार लोगों की मौत हो गई थी, वहीं 20 लोग घायल हो गए थे. इस मामले में केस दर्ज करने के बाद पुलिस ने मालिक और मैनेजर को गिरफ्तार किया था.
जानकारी के अनुसार, लखनऊ के हजरतगंज में स्थित लेवाना होटल में बीते पांच सितंबर को आग लगने की घटना में 4 लोगों की मौत हो गई थी. इस हादसे में 20 से ज्यादा लोग घायल हो गए थे. घटना के बाद होटल लेवाना के मालिक राहुल अग्रवाल और मैनेजर को पुलिस ने हिरासत में लिया था. इस होटल का नक्शा पास नहीं था. मामले में एलडीए की तरफ से बीते 26 मई और 28 अगस्त को नोटिस दिया गया था.
हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच ने होटल के मालिक राहुल अग्रवाल और मैनेजर सागर श्रीवास्तव को जमानत दे दी है. 28 नवंबर को हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच में जस्टिस डीके सिंह की कोर्ट ने जमानत अर्जी पर सुनवाई की. इसके बाद कोर्ट ने ऑर्डर रिजर्व रखा था. इस मामले में हजरतगंज में केस दर्ज कराया गया था, जिसके बाद पुलिस ने होटल मालिक और मैनेजर को गिरफ्तार कर लिया था.
LDA ने होटल मालिक को दिया था 9 दिसंबर तक का समय
लखनऊ विकास प्राधिकरण ने हजरतगंज के होटल लेवाना को 9 दिसंबर तक का वक्त दिया था. प्राधिकरण की ओर से कहा गया था कि इसके बाद होटल को ध्वस्त करने की कार्रवाई की जाएगी. इस मामले में हाईकोर्ट के निर्देश के बाद एलडीए ने होटल के मालिक को एक महीने का वक्त दिया. इस दौरान होटल के मालिक जहां अपील करनी हो, कर सकते हैं.
सामने लोहे की सीढ़ियां बनाकर दिया था धोखा
अगस्त में एलडीए की तरफ से होटल को नोटिस दिया गया था कि वहां कोई इमरजेंसी गेट नहीं है या एग्जिट नहीं है. इस पर होटल के मालिक ने धोखा देने के लिए होटल के सामने ही लोहे की सीढ़ियां लगा दीं. मगर, होटल में आग लगने के बाद इन सीढ़ियां से होटल में कहीं से भी एंट्री नहीं की जा सकती थी.