उत्तर प्रदेश में डीएसपी जियाउल हक की हत्या के मामले ने पूरे देश का ध्यान अपनी ओर खींचा है. इस मामले में यूपी के बाहुबली पूर्व मंत्री रघुराज प्रताप सिंह, उर्फ राजा भैया पर भी केस दर्ज हो चुका है, इसलिए मामला और ज्यादा गंभीर बन गया है.
सीबीआई तहकीकात शुरू कर चुकी है. मुमकिन है कि सीबीआई हत्या के मामले में राजा भैया को भी गिरफ्तार कर ले. जानिए किन-किन लोगों पर कौन-सी धाराओं के तहत केस दर्ज किए गए हैं.
पहला केस: पहली एफआईआर बल्लीपुर के ग्राम प्रधान नन्हे यादव की हत्या के मामले में है. इसी के बाद सारा बवाल शुरू हुआ. इसी की जांच करने डीएसपी जिया उल हक बलीपुर पहुंचे थे. इसमें कमला प्रसाद पाल, अजय कुमार पाल, अजित कुमार सिंह व राजीव कुमार सिंह, ये कुल चार आरोपी बनाए गए हैं. इसमें आईपीसी की धारा 302 और आपराधिक कानून संशोधन एक्ट की धारा 7 के तहत केस दर्ज हैं.
दूसरा केस: यह शहीद डीएसपी जियाउल हक की हत्या से संबंधित है, जिसमें कुल 10 आरोपी हैं. सभी आरोपी बल्लीपुर के रहने वाले हैं. आरोपियों के नाम हैं- सज्जन कुमार, राम सूरत, फूल चंद, पवन, सुधीर, बबलू, नन्हे लाल, घनश्याम सरोज, मनजीत यादव, राम लखन. इन सभी पर आईपीसी की धारा 396, 307, 323, 332, 353, 504 व आपराधिक कानून संशोधन एक्ट की धारा 7 के तहत केस दर्ज हैं.
तीसरा केस: ग्राम प्रधान नन्हे यादव के भाई सुरेश यादव की हत्या के मामले में है. सुरेश यादव की हत्या उसी दिन हुई थी, जिस दिन जियाउल हक बलीपुर पहुंचे थे. कहा तो यह भी जाता है कि उनके सामने ही सुरेश यादव की हत्या हुई थी. इसमें भी चार आरोपी हैं, जो कि बल्लीपुर के रहने वाले हैं. इनके नाम हैं विजय कुमार, संजय कुमार पाल, राज कुमार सरोज, संजय सिंह उर्फ गुड्डी. इसमें आईपीसी की धारा 120 बी, 302, 304 व 305 के तहत मामले दर्ज हैं.
चौथा केस: यह एफआईआर जियाउल हक मर्डर केस में दर्ज किए गए हैं. जियाउल हक की पत्नी ने केस दर्ज करवाया है. इसमें आईपीसी की धारा 147, 148, 149, 302, 504, 506, 120 बी और सीएलए एक्ट की धारा 7 के तहत केस दर्ज हैं. इसमें 5 आरोपी हैं, जिनके नाम हैं गुलशन यादव, हरिओम श्रीवास्तव, रोहित सिंह, संजय सिंह उर्फ गुड्डू और रघुराज प्रताप सिंह उर्फ राजा भैया.