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नोएडा: ऑन डिमांड लग्जरी गाड़ियां चुराने वाले गैंग का भंडाफोड़, 3 गिरफ्तार

तस्वीरों में पुलिस के गिरफ्त में खड़े ये अभियुक्त बड़े ही शातिर किस्म के वाहन चोर हैं जो ऑन डिमांड लग्जरी गाड़ियों को चोरी करवा कर बेचा करते थे

ऑन डिमांड लग्जरी गाड़ियां चुराने वाला गैंग का पर्दाफाश ऑन डिमांड लग्जरी गाड़ियां चुराने वाला गैंग का पर्दाफाश
स्टोरी हाइलाइट्स
  • गाड़ी चोरी करने वाले गैंग का भंड़ाफोड़
  • चालाकी से चलाया जा रहा था कारोबार
  • 3 आरोपी किए गए गिरफ्तार

नोएडा सेक्टर 58 पुलिस और एंटी ऑटो संयुक्त टीम को बड़ी सफलता हाथ लगी है. पुलिस ने अंतर राज्य लग्जरी कार चुराने वाले तीन वाहन चोरों को गिरफ्तार किया है और बहुत चर्चित केतु बैंक का पर्दाफाश किया है. पुलिस ने इनके कब्जे से 17 लग्जरी कार बरामद की हैं. यह गैंग ऑन डिमांड पर लग्जरी गाड़ियों को चोरी करवाता था. उसके बाद उसका नंबर प्लेट के साथ-साथ इंजन नंबर और चेसिस नंबर बदल कर कार को बेच दिया करता था.

गाड़ी चोरी करने वाले गैंग का भंड़ाफोड़

तस्वीरों में पुलिस के गिरफ्त में खड़े ये अभियुक्त बड़े ही शातिर किस्म के वाहन चोर हैं जो ऑन डिमांड लग्जरी गाड़ियों को चोरी करवा कर बेचा करते थे, नोएडा सेक्टर 58 पुलिस ने इस गिरोह को गिरफ्तार किया है. गिरोह का सरगना अमित पहले भी कई बार वाहन चोरी में जेल जा चुका है. अमित सेक्टर 20 थाने से भी वाहन चोरी में जेल गया था, जेल से आने के बाद अमित ने फिर से अपने साथियों संदीप और अजमेर सिंह के साथ मिलकर चोरी के वाहनों का कारोबार शुरू कर दिया.

चालाकी से चलाया जा रहा था कारोबार

गिरफ्तार अभियुक्त संदीप सिंह के संबंध इंश्योरेंस कंपनियों में होते थे. वहां कंपनियों के सर्वेयर के साथ मिलकर संदीप सिंह TOTAL LOSS की गाड़ियों की डिटेल इकट्ठा करता था. उसके बाद ऑन डिमांड उसी मॉडल की गाड़ी चोरी करवाने के लिए चोरों से कांटेक्ट करता था. गाड़ी चोरी होने के बाद गिरफ्तार अभियुक्त अजमेर सिंह जिसका भिवानी हरियाणा में बड़ा गैराज है, उसकी मदद से बीमा कंपनी से टोटल लॉस की गाड़ियों को खरीद स्क्रैप से कटवा कर कबाड़ी को बेच दिया जाता था. उसके बाद उस गाड़ी का इंजन, रजिस्टर्ड नंबर और चेसिस नंबर को चोरी की गाड़ी पर पेस्ट कर दिया जाता था.

ये लोग दिल्ली एनसीआर के चोरों से संपर्क में रहकर गाड़ियों को चोरी करवाते थे. उसके बाद उसका टेम्पर्ड कराकर नागालैंड के दीमापुर निवासी केतु, डेविड और हापा को ऊंचे दामों पर बेच दिया करते थे. पुलिस की पूछताछ में पता चला है कि नागालैंड के इन अभियुक्तों के द्वारा गाड़ियों को म्यांमार, भूटान में बेचा जाता था. 

स्पोर्ट्स खिलाड़ी हैं आरोपी

बात करें गिरफ्तार अभियुक्तों की तो आरोपी अमित एथलीट है और गोला फेंक का खिलाड़ी है, दूसरा अभियुक्त संदीप भी गोला फेंक का खिलाड़ी है और तीसरा अभियुक्त अजमेर रेसलिंग का प्लेयर है. पुलिस को इनके पास से एक डायरी भी मिली है जिसमें काफी गाड़ियों का विवरण है जिनका नम्बर टेम्पर्ड कर के दिल्ली ,पंजाब, हरियाणा, गाज़ियाबाद और मेरठ में चलाया जा रहा है. पुलिस को इनके पास से 17 लग्जरी गाड़ियां बरामद हुई हैं जिसमें 1 रेंजरोवर कार, 1 फॉर्चुनर,1 KUV 100, 3 क्रेटा ,2 वार्ना, 1 स्कोर्पियो, 1 ओपटरा सेवरोलेट, 1 महिंद्रा जीप, 1 वेगनआर, 1 आई 20, 2 स्विफ्ट, 1 इटोस और 1 सेवरोलेट बीट कार बरामद हुई हैं. इसके साथ इनके पास से 4 मोबाइल, 15 गाड़ियों की चाभी, 4 आरसी, अन्य गाड़ियों के लॉक तोड़ने के उपकरण बरामद हुए हैं.
 

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