जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में सोमवार को आतंकियों के साथ मुठभेड़ में सुरक्षाबलों के 4 जवान शहीद हो गए जिनमें मेजर विभूति शंकर ढौंडियाल भी शामिल थे. मंगलवार को जब मेजर ढौंडियाल का पार्थिव शरीर उनके घर देहरादून पहुंचा तो उनके अंतिम दर्शन के लिए जनसैलाब उमड़ पड़ा. उनकी पत्नी निकिता समेत परिजनों ने नम आंखों से मेजर को श्रद्धांजलि दी.
इस मौके पर शहीद की पत्नी मेजर के ताबूत के पास खड़ी रहीं और उनका चेहरा हाथों से चूमकर उन्हें आई लव यू कहा. पत्नी पार्थिव शरीर के पास खड़ीं थीं और उनके चेहरे के भाव किसी को भी गमगीन करने के लिए काफी थे. निकिता अपने आंसुओं के सैलाब को अपनी आंखों में दफन करे खड़ीं रहीं क्योंकि उनके पास ही विभूति की मां का रो-रोकर बुरा हाल था, ऐसे में निकिता उन्हें भी संभाल रहीं थीं.
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— आज तक (@aajtak) February 19, 2019
जब मेजर का अंतिम संस्कार किया गया था उनके पार्थिव शरीर के सामने निकिता ने उनके लिए एक मैसेज दिया. जिसमें उन्होंने कहा, 'I lOVE U विभू...हम सबको आपसे प्यार है, लेकिन आपने जिस तरह हर किसी को प्यार किया वो अलग है...क्योंकि आपने अपने लोगों के लिए अपनी जिंदगी बलिदान कर दी. आप बेहद बहादुर इंसान थे और आपको अपने पति के रूप में पाकर मुझे गर्व महसूस हो रहा है. अपनी जिंदगी की आखिरी सांस तक मैं हमेशा आपको प्यार करती रहूंगी. हम सब इस इंसान को सलाम करते हैं. जय हिन्द...'
बता दें कि बीते साल अप्रैल में ही निकिता कौल और मेजर विभूति ढौंडियाल की शादी हुई थी. सोमवार सुबह मेजर की पत्नी दिल्ली में मायके जा रही थीं, तभी ट्रेन में उन्हें मेजर विभूति के शहीद होने की खबर मिली. 55 राष्ट्रीय राइफल में तैनात मेजर उत्तराखंड के देहरादून के रहने वाले थे. एनकाउंटर के दौरान वो आतंकियों को घेरे हुए थे, तभी गोली लगने से उनकी शहादत हो गई.
पुलवामा में 14 फरवरी को हुए आतंकी हमले के बाद सुरक्षाबलों ने पिंगलिना इलाके में आतंकियों के खिलाफ ऑपरेशन चलाया था. इसमें जवानों ने 3 आतंकियों को ढेर कर दिया, जिनमें से दो आतंकी CRPF के काफिले पर हमले में शामिल थे. एनकाउंटर में मेजर विभूति के अलावा हरियाणा में रेवाड़ी के रहने वाले सिपाही हरि सिंह, राजस्थान के झुंझुनूं के सेव राम और मेरठ के अजय कुमार शहीद हो गए.