पाकिस्तान ने अफगानिस्तान तालिबान के प्रमुख मुल्ला उमर के कराची में मौजूद होने की खबर का खंडन किया. इससे पहले आई खबरों में कहा गया था कि अमेरिकी ड्रोन विमानों के निशाने से बचने के लिये उमर आईएसआई की मदद से क्वेटा से कराची भाग आया था. पाकिस्तानी विदेश विभाग के प्रवक्ता अब्दुल बासित ने संवाददाताओं को बताया कि ऐसा कहना हास्यास्पद है. उन्होंने कहा कि उमर के पाकिस्तान में ‘‘कई साल’’ से मौजूद होने के कयास लगाए जाते रहे हैं.
बासित ने बताया कि हमारी जानकारी के मुताबिक अफगान तालिबान प्रमुख अफगानिस्तान में ही है. यदि उसके ठिकाने के बारे में किसी को जानकारी है तो मीडिया के जरिये अटकलबाजी पैदा करने की बजाय इस जानकारी को हमसे साझा करना कहीं बेहतर होगा. उन्होंने कहा कि उमर के पाकिस्तान में होने की बात में कोई सचाई नहीं है.
वाशिंगटन टाइम्स ने अमेरिकी खुफिया विभाग के दो वरिष्ठ अधिकारियों और सीआईए के एक पूर्व अधिकारी के हवाले से बताया था कि रमजान के महीने के खत्म होने के बाद उमर पिछले महीने कराची गया. अधिकारियों ने बताया कि उमर ने वहां एक नयी वरिष्ठ तालिबान नेतृत्व परिषद का गठन किया.