गुरुवार को होने वाले राज्यसभा के उपसभापति चुनाव सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी के लिए अहम है. भाजपा राज्यसभा में भले ही सबसे बड़ा दल हो लेकिन एनडीए के प्रत्याशी को जिताने के लिहाज से पर्याप्त संख्याबल नहीं होने के कारण भाजपा के लिए हर एक वोट महत्वपूर्ण है. शायद यही वजह है कि लंबी बीमारी से जूझ रहे सदन के नेता अरुण जेटली आज तीन महीने बाद राज्यसभा पहुंचे.
जेटली राज्यसभा में एनडीए प्रत्याशी हरिवंश के पक्ष में एक प्रस्ताव पढ़कर औपचारिकता पूरी करेंगे जिसके बाद वोटिंग की प्रक्रिया शुरू होगी. 244 सदस्यों वाली राज्यसभा में यदि एनडीए प्रत्याशी के पक्ष में आधे से ज्यादा वोट पड़ते हैं तो हरिवंश को विजयी घोषित कर दिया जाएगा. और राज्यसभा में विपक्ष के प्रत्याशी और कांग्रेस सांसद बी के हरिप्रसाद के पक्ष में कांग्रेस के प्रस्ताव की जरूरत नहीं पड़ेगी.
Arun Jaitley and other BJP MPs in Rajya Sabha ahead of voting for Deputy Chairman elections
— ANI (@ANI)
बता दें कि 14 मई को एम्स में अरुण जेटली के किडनी प्रत्यारोपण के बाद डॉक्टरों ने आराम करने की सलाह दी थी. डॉक्टर यह सुनिश्चित करना चाहते थे कि जेटली को किसी भी तरह के संक्रमण से बचाने के लिए लोगों के संपर्क से दूर रखा जाए. हालांकि पिछले डेढ़ महीने के विश्राम के दौरान जेटली ने आर्थिक, रक्षा, सामाजिक न्याय व कानून संबंधी मुद्दों पर ब्लॉग के जरिए अपनी सक्रीयता जारी रखी. वहीं वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए जेटली कई समूहों से लगातार संपर्क स्थापित करते रहें.
की कार्यवाही शुरू होने के कुछ समय पहले सदन में पहुंचेंगे. और उपसभापति चुनाव के परिणाम की घोषणा के बाद वापस चले जाएंगे.
राज्यसभा में जेटली को लोगों के संपर्क में आने से बचाने को लेकर पर्याप्त इंतजाम किए गए हैं. इस मानसून सत्र में यह जेटली की उपस्थिती होगी. इससे पहले यह उम्मीद की जा रही थी कि जेटली 14 अगस्त तक अपने तीन महीने के विश्राम बाद ही वापस आएंगे.