पश्चिम बंगाल भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के अध्यक्ष दिलीप घोष की अगुवाई में नंदीग्राम जा रहे कार्यकर्ताओं के दल को पुलिस ने रोक दिया. दिलीप घोष की अगुवाई वाला यह दल नागरिकता संशोधन अधिनियनम(सीएए) और राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर(एनआरसी) पर जागरूकता रैली करने वाला था.
पुलिस के रोकने के बावजूद कार्यकर्ताओं का दल नंदीग्राम जाने की जिद पर अड़ गया. बीजेपी कार्यकर्ताओं ने इसका विरोध किया और अपनी जिद पर अड़े रहे. बाद में बीजेपी कार्यकर्ताओं को तितर-बितर करने के लिए पुलिस ने वाटर कैनन का इस्तेमाल किया.
गौरतलब है कि दिलीप घोष ने एक दिन पहले ही हावड़ा में रैली की थी. घोष ने नागरिकता संशोधन कानून का विरोध कर रहे लोगों पर निशाना साधते हुए कहा था कि जो बुद्धिजीवी नागरिकता संशोधन कानून का विरोध कर रहे हैं, वे बुद्धिहीन हैं. घोष ने उन्हें शैतान और परजीवी बताया था.
West Bengal BJP Chief Dilip Ghosh in Howrah: The intellectuals who are opposing are spineless, they are devils and parasites. (17.1.20)
— ANI (@ANI)
बता दें कि बीजेपी ने के खिलाफ चल रहे प्रोटेस्ट के बाद खुद भी मैदान में उतर लोगों को इस कानून की जानकारी देने की घोषणा की थी. इसी घोषणा के अनुरूप पार्टी जन जागरण अभियान शुरू किया है. इसके तहत पार्टी के नेता विभिन्न स्थानों पर रैलियां निकाल, जनसभाएं कर लोगों को इस कानून की जानकारी दे रहे हैं. घोष की यह रैली भी इसी अभियान का हिस्सा थी.