विज्ञापन का आधार होता है - शुद्ध व्यापार. आपने व्यापार के लिए किसी को
'बच्चा' कहा, किसे के साथ 'धोखा-धोखा' खेला. किसी ने अपने व्यापार के लिए
आपको आधा गंजा कर दिया. इसमें गलत या विरोधाभाष कहां है? और अगर आपको लगता
है कि यह क्रिकेट के साथ न्याय नहीं है, खेल भावना के दायरे से बाहर है, तो कुछ इस तरह लें उनसे बदला... किस तरह, जानने के लिए पढ़ें iChowk पर.