पंजाब के लुधियाना में नवजात बच्ची की कथित खरीद-फरोख्त का सनसनीखेज मामला सामने आया है. सीएमसी चौक के पास स्थानीय लोगों की सतर्कता से यह मामला उजागर हुआ, जिसके बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आठ लोगों को गिरफ्तार किया है.
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, सीएमसी चौक के आसपास एक महिला नवजात बच्ची को गोद में लेकर घूमती दिखाई दी. बच्ची लगातार रो रही थी, जिससे आसपास मौजूद लोगों को शक हुआ. जब लोगों ने महिला से सख्ती से पूछताछ की तो उसने कथित तौर पर स्वीकार किया कि उसने बच्ची को ₹2.10 लाख में खरीदा है. बताया जा रहा है कि वह महिला मोगा जिले से लुधियाना आई थी.
सूचना मिलते ही डिवीजन नंबर 3 पुलिस स्टेशन की पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की. एएसआई गुरमेल सिंह के अनुसार, 14 फरवरी को बाबा थान सिंह चौक के पास एक निजी अस्पताल में सुनीता नामक महिला ने बच्ची को जन्म दिया था. सुनीता की पहले से चार बेटियां थीं. आरोप है कि पांचवीं बेटी के जन्म से परिवार निराश था और उन्होंने बच्ची को किसी अन्य को सौंपने का फैसला किया.
पुलिस जांच में सामने आया कि सुनीता ने अस्पताल की एक नर्स से संपर्क किया, जिसके बाद कथित तौर पर अन्य बिचौलियों को शामिल कर सौदा तय किया गया. मोगा के गांव नंगल निवासी मंदीप कौर के साथ ₹2.10 लाख में बच्ची देने की बात तय होने का आरोप है.
मामले में बच्ची की मां सुनीता देवी, नर्स परवीन, बीएएमएस डॉक्टर मनमीत कौर, केयरटेकर रूचि, खरीदार मंदीप कौर, नर्स आशा, आशा वर्कर पम्मा और नर्स गुरमीत कौर सहित कुल आठ आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है.
पुलिस का कहना है कि मामले की गहन जांच जारी है. मानव तस्करी समेत विभिन्न धाराओं के तहत कार्रवाई की जा रही है. अधिकारियों ने संकेत दिया है कि जल्द ही प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पूरे प्रकरण का विस्तृत खुलासा किया जाएगा.