कोलकाता में सड़कों पर जाम लगाने पर इंडियन सेक्युलर फ्रंट (ISF) के कार्यकर्ताओं पर पुलिस शनिवार शाम को लाठीचार्ज किया. ISF की ओर से दावा किया गया तृणमूल कांग्रेस (TMC) के कार्यकर्ताओं ने क्षेत्र में एक रैली में उन पर हमला किया. इसके साथ ही आईएसएफ ने हमले के लिए तृणमूल कांग्रेस के नेता अरबुल इस्लाम की गिरफ्तारी की मांग भी की.
ट्रैफिक जाम होने के कारण कोलकाता पुलिस ने ISF कार्यकर्ताओं पर लाठीचार्ज शुरू कर दिया. ISF कार्यकर्ताओं पर आरोप है कि उन्होंने पुलिस के ऊपर पथराव भी किया. भीड़ को तितर-बितर करने और हालात से निपटने के लिए पुलिस को आंसू गैस के गोले दागने पड़े. इस दौरान पुलिस ने 19 लोगों को गिरफ्तार किया और ISF नेता व विधायक नौशाद सिद्दीकी को हिरासत में ले लिया.
| Clash broke out between ISF (Indian Secular Front) activists and Kolkata police at the Esplanade area of Kolkata, West Bengal
— ANI (@ANI)
बंगाल चुनाव से पहले ही बनाई थी पार्टी
बंगाल विधानसभा चुनाव से ठीक पहले पीरजादा अब्बास सिद्दीकी ने 21 जनवरी को इंडियन सेक्युलर फ्रंट का गठन किया था. इंडियन सेक्युलर फ्रंट के कार्यकर्ता पार्टी का स्थापना दिवस मना रहे थे. इसके लिए एस्प्लेनेड क्षेत्र में सैकड़ों पार्टी कार्यकर्ता एकत्र हुए थे.
दक्षिण 24 परगना में भी भिड़े कार्यकर्ता
इससे पहले शनिवार को ही टीएमसी और आईएसएफ के कार्यकर्ता राज्य के दक्षिण 24 परगना के भांगर क्षेत्र में उस समय भिड़ गए जब आईएसएफ के सदस्य कोलकाता जा रहे थे. झड़प के दौरान आईएसएफ कार्यकर्ताओं ने कथित तौर पर तृणमूल पार्टी के एक कार्यालय में आग लगा दी.
(इनपुट- राजेश साहा)