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Operation TOP to TOTAL: 33 फलों-सब्जियों के परिवहन पर मिलेगी सब्सिडी

यह सब्सिडी ऑपरेशन ग्रीन TOP से TOTAL के अंतर्गत दी जाएगी. आत्मनिर्भर भारत अभियान के तहत नोटिफाइड फलों और सब्जियों के परिवहन और भंडारण पर 50 फीसदी तक की सब्सिडी मिलेगी.

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kisan rail transportation subsidy
kisan rail transportation subsidy
स्टोरी हाइलाइट्स
  • 33 फलों व सब्जियों के परिवहन पर मिलेगी छूट
  • विदेशी फलों व सब्जियों पर भी मिलेगी सब्सिडी
  • परिवहन और भंडारण पर 50 प्रतिशत सब्सिडी

कृषि व फूड प्रोसेसिंग मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने बुधवार को कुछ खास सब्जियों और फलों पर सब्सिडी देने का फैसला किया है. उन्होंने यह घोषणा करते हुए कहा कि यह देश की आत्मनिर्भरता के लिए एक बहुत बड़ा कदम है. यह सब्सिडी ऑपरेशन ग्रीन TOP से TOTAL के अंतर्गत दी जाएगी. 

ऑपरेशन ग्रीन के तहत 19 फल और 14 सब्जियां शामिल हैं. जिनमें, आम, केला, अमरूद, कीवी, लीची, पपीता, अनानास, अनार, कटहल फलों और फ्रेंच बींस, बैगन, शिमला मिर्च, करेला, गाजर, फूल गोभी, हरी मिर्च, प्याज, आलू,टमाटर आदि प्रमुख हैं. 

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आत्मनिर्भर भारत अभियान के तहत नोटिफाइड फलों और सब्जियों के परिवहन और भंडारण पर 50 प्रतिशत तक की सब्सिडी मिलेगी यदि उनकी कीमत ट्रिगर मूल्य से कम होगी. तोमर ने फूड प्रोसेसिंग इंडस्ट्रीज़ मंत्रालय द्वारा बनाए जा रहे और कई स्कीम्स की जानकारी दी. 

सब्सिडी के लिए मंत्रालय में सीधे ऑनलाइन मांग करने पर किसान रेल स्कीम के अंतर्गत ये सब्सिडी मिल सकेगी जो ऑपरेशन ग्रीन से भी सरल तरीके की होगी. 

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आधिकारिक बयान के अनुसार, "कोई भी व्यक्ति, या किसान किन्ही भी नोटिफाइड फलों और सब्जियों को किसान रेल द्वारा ले जा सकेगा. रेलवे के कुल भाड़े का उन्हें केवल 50 प्रतिशत ही देना होगा और बाकी का 50 प्रतिशत भाड़ा फूड प्रोसेसिंग इंडस्ट्रीज़ मंत्रालय द्वारा ऑपरेशन ग्रीन के अंतर्गत सब्सिडी के रूप में दिया जाएगा.

स्कीम की नई गाइड्लाइन्स मंत्रालय की वेबसाईट पर उपलब्ध है. विदेशों से आने वाली फल और सब्जियां, जो ऑपरेशन ग्रीन के अंतर्गत आती हैं, मात्रा व मूल्य के निरपेक्ष उन पर भी सब्सिडी मिल सकेगी.

गौरतलब है कि वर्तमान में, तीन किसान रेल चल रहीं हैं, देवलाली (महाराष्ट्र) से मुजफ्फरपुर (बिहार),आंध्र प्रदेश के अनंतपुर से दिल्ली और बैंगलोर से दिल्ली. नागपुर और वरुड ऑरेंज सिटी से दिल्ली के बीच चौथी किसान रेल चलाने पर भी रेलवे  विचार कर रहा है.  
 

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