राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (NHRC) ने स्वतः संज्ञान लेते हुए नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (डीजीसीए) को एक नोटिस भेजा है. यह नोटिस एक 80 वर्षीय बुजुर्ग की मुंबई हवाई अड्डे पर हुई मौत को लेकर भेजा गया है. रिपोर्ट के अनुसार एक वरिष्ट नागरिक द्वारा पहले से अनुरोध किए जाने के बावजूद उन्हें व्हीलचेयर मुहैया नहीं कराया गया. इसके बाद उन्हें पैदल चलने पर मजबूर होना पड़ा, जिसके कुछ देर बाद वह जमीन पर गिर गए.
क्या है मामला?
राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने एक बयान में कहा है कि अमेरिका में रहने वाले भारतीय मूल के 80 वर्षीय बुजुर्ग मुंबई हवाई अड्डे पर 1.5 km चलने के बाद गिर गए, क्योंकि उन्हें मांगने के बावजूद व्हीलचेयर नहीं दिया गया. इसके बाद उन्हें अपनी पत्नी के साथ करीब 1.5 km पैदल चलना पड़ा, जो की व्हीलचेयर पर थीं. बुजुर्ग दंपत्ति न्यूयॉर्क से भारत की यात्रा कर रहे थे.
एनएचआरसी के अनुसार उसने इस खबर पर स्वत: संज्ञान लेते हुए डीजीसीए को नोटिस भेजा है. खबर के अनुसार मुंबई एयरपोर्ट पर एक 80 वर्षीय व्यक्ति की मृत्यु हो गई, क्योंकि एयरलाइन से पहले से अनुरोध के बावजूद उन्हें व्हीलचेयर उपलब्ध नहीं कराया गया, जिसने बाद उन्हें पैदल चलना पड़ा.
डिटेल में मांगी गई रिपोर्ट
आयोग ने कहा कि अगर रिपोर्ट सच है तो यह पीड़ित व्यक्ति के मानवाधिकारों (ह्यूमन राइट्स) के उल्लंघन का गंभीर है. इस मसले पर आयोग ने अब डीजीसीए से चार हफ्ते में एक डीटेल रिपोर्ट मांगी है.
आयोग ने डीजीसीए से रिपोर्ट में मृतक के परिवार वालों को मिलने वाले मुआवजे (यदि कोई हो) का भी जिक्र करने की बात कही है. साथ ही डीजीसीए से यह भी कहा गया है कि ऐसी घटनाएं फिर से न हों, और ऐसा सुनिश्चित करने के लिए क्या कदम उठाए गए हैं या फिर उठाए जाने का प्रस्ताव है.
यात्री और किराया दोनों बढ़े, सुविधा नहीं
मानवाधिकार आयोग ने हवाई यात्रियों के साथ-साथ हवाई किराये में हुए वृद्धि का जिक्र करते हुए कहा है कि जिस रेशियो से इसमें इजाफा हुआ है, उस अनुपात में सुविधाएं नहीं बढ़ी हैं. इसके कारण ही मीडिया और सोशल मीडिया पर कई तरह की शिकायतें सामने आती रहतीं हैं.
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, उस विशेष विमान में कुल 32 ऐसे यात्री थें लेकिन उनकी मदद के लिए ग्राउन्ड पर केवल 15 ही लोग व्हीलचेयर के साथ मौजूद थे. जिसके कारण बुजुर्ग की पत्नी को तो व्हीलचेयर मिल गया, जबकि उनका पति उसके पीछे पैदल चल रहा था. जिसके कुछ देर बाद वह जमीन पर गिर गए.
एयर इंडिया का बयान आया सामने
इस मामले में एयर इंडिया की ओर से बयान जारी किया गया है. एयर इंडिया प्रवक्ता ने कहा कि, 12 फरवरी को बुजुर्ग दंपति आए थे. व्हीलचेयर की भारी मांग के कारण, हमने यात्री से व्हीलचेयर सहायता उपलब्ध होने तक इंतजार करने का अनुरोध किया था, लेकिन उन्होंने अपनी पत्नी के साथ पैदल चलने का विकल्प चुना. बीमार होने के बाद हवाईअड्डे पर उसका इलाज कर रहे डॉक्टर की सलाह के अनुसार, यात्री को तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया.