खालिस्तानी आतंकी हरविंदर सिंह रिंदा को केंद्रीय गृह मंत्रालय ने आतंकवादी घोषित कर दिया है. रिंदा खालिस्तानी आतंकी संगठन बब्बर खालसा इंटरनेशनल (BKI) से जुड़ा हुआ है. वह BKI के इंडिया हेड के तौर पर काम करता है और फिलहाल पाकिस्तान के लाहौर में है.
रिंदा पंजाब सहित कई जगहों पर आतंकी गतिविधियों में शामिल रहा है. इस घोषणा के साथ ही अब यूएपीए की चौथी अनुसूची में आतंकियों की संख्या बढ़कर 54 हो गई है. इसके अलावा गृह मंत्रालय ने दो संगठनों खालिस्तान टाइगर फोर्स (KTF) और जम्मू और कश्मीर गजनवी फोर्स (JKGF) को भी आतंकवादी संगठन घोषित किया है.
बता दें कि पिछले साल खालिस्तानी आतंकी हरविंदर रिंदा उस समय सुर्खियों में आ गया था, जब यह खबर आई थी कि उसकी पाकिस्तान में मौत हो गई है. बंबीहा ग्रुप ने सोशल मीडिया पर दावा किया था कि हरविंदर सिंह रिंदा को उन्होंने पाकिस्तान में मार गिराया है.
बता दें कि सिद्धू मूसेवाला मर्डर केस में और मोहाली RPG अटैक में भी रिंदा का नाम सामने आया था. खुफिया एजेंसी के पास जो जानकारी थी उसके मुताबिक हरविंदर सिंह रिंदा की मौत किडनी फेल होने की वजह से हुई है. पिछले 15 दिन से वो पाकिस्तान के एक अस्पताल में भर्ती था.
तरन तारन का रहने वाला है हरविंदर सिंह रिंदा
आतंकी हरविंदर पंजाब के तरन तारन का है. लेकिन वह बाद में महाराष्ट्र के नांदेड़ साहेब शिफ्ट हो गया था. हरविंदर सिंह पिछले कुछ सालों से पाकिस्तान में छिपा है. जांच में पता चला था कि वह फेक पासपोर्ट के जरिए नेपाल होते हुए पाकिस्तान पहुंचा था. रिंदा को सितंबर 2011 में तरन तारन में एक युवक की मौत के मामले में उम्रकैद की सजा हुई थी. 2014 में पटियाला सेंट्रल जेल के अधिकारियों पर हमला किया था. इतना ही नहीं अप्रैल 2016 में चंडीगढ़ में पंजाब यूनिवर्सिटी में स्टूडेंट ऑर्गेनाइजेशन ऑफ इंडिया के अध्यक्ष पर भी रिंदा ने गोलियां चलाई थीं. अप्रैल 2017 में रिंदा पर होशियारपुर सरपंच की हत्या का भी आरोप लगा था.
इससे पहले रिंदा का नाम खालिस्तानी समर्थक जगजीत सिंह ने भी लिया था. जगजीत सिंह को जून 2021 में 48 पिस्टल, 200 कारतूस के साथ पंजाब पुलिस ने गिरफ्तार किया था. रिंदा पर पंजाब और महाराष्ट्र में कई आपराधिक मामले दर्ज हैं. पिछले साल दिसंबर में लुधियाना कोर्ट में हुए हमले में भी रिंदा का हाथ था.
इसके साथ ही में पंजाब के फरीदकोट में डेरा प्रेमी प्रदीप सिंह की हत्या के मामले में भी रिंदा का नाम सामने आया है. साल 2015 में हुए बरगाड़ी बेअदबी केस में आरोपी प्रदीप सिंह को सुबह ही शूटर्स ने मार दिया था. इस मामले में दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने 3 शूटर्स को पकड़ा था, जिन्होंने रिंदा का नाम लिया था.