मुंबई में 7 अक्टूबर से सभी धार्मिक स्थलों को खोल दिया जाएगा. बीएमसी ने आदेश जारी करते हुए स्पष्ट कर दिया है कि कोरोना प्रोटोकॉल का पालन करते हुए सभी मंदिरों को खोला जा रहा है. अभी के लिए सिर्फ 50 प्रतिशत क्षमता के साथ ही धार्मिक स्थल को खोलने की इजाजत दी जा रही है.
मुंबई में 7 अक्टूबर से खोल दिए जाएंगे धार्मिक स्थल
अब बीएमसी का ये आदेश इसलिए ज्यादा मायने रखता है क्योंकि नवरात्रि शुरू होने जा रही है, कुछ दिनों बाद दशहरा और दिवाली भी आनी है, ऐसे में धार्मिक गतिविधियां ज्यादा बढ़ेंगी और मंदिरों में आने-जाने का सिलसिला भी बढ़ जाएगा. उसी बात को ध्यान में रखते हुए नवरात्रि के पहले दिन यानी की 7 अक्टूबर से धार्मिक स्थल खोलने की इजाजत दी गई है.
पिछले हफ्ते सीएम उद्धव ठाकरे ने भी राज्य में धार्मिक स्थल खोलने का फैसला लिया था. जारी बयान में उन्होंने कहा था कि हमने कोरोना की तीसरी लहर से लड़ने की तैयारी कर ली है. अब धीरे-धीरे सब खोला जा रहा है. मामले जरूर कम हो रहे हैं, लेकिन हमे सावधानी बरतनी होगी. मंदिर जरूर खोले जा रहे हैं, लेकिन कोरोना प्रोटोकॉल का सख्ती से पालन किया जाएगा.
स्कूल खोलने की भी तैयारी
वैसे मंदिरों के अलावा अब राज्य सरकार ने छठी से 12वीं तक के स्कूल खोलने का फैसला भी ले लिया है. बताया गया है कि महाराष्ट्र में चार अक्टूबर से स्कूलों को खोल दिया जाएगा. ग्रामीण क्षेत्रों में 5-12वीं कक्षा और शहरी इलाकों में 8-12वीं कक्षा के लिए स्कूल खोल दिए जाएंगे.
राज्य सरकार की तरफ से ये फैसला तब लिया गया है जब बीजेपी द्वारा लगातार विरोध प्रदर्श किया जा रहा था. आरोप लगाया जा रहा था कि राज्य सरकार द्वारा हर चीज को खोलने की अनुमति दी जा रही थी, लेकिन मंदिर खोलने को लेकर कोई फैसला नहीं हो रहा था. उसी दवाब के बीच अब 7 अक्टूबर से धार्मिक स्थल खुलने जा रहे हैं.