मध्य प्रदेश के विधानसभा चुनाव के मद्देनजर कांग्रेस ने उम्मीदवारों की छठी और आखिरी सूची जारी कर दी है. मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के खिलाफ पार्टी ने पूर्व केंद्रीय मंत्री और प्रदेश कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष अरुण यादव को मैदान में उतारा है.
कांग्रेस ने आजमाया बीजेपी का दांव
दरअसल अंतिम समय तक सिहोर जिले की बुधनी सीट से शिवराज सिंह चौहान के खिलाफ कांग्रेस के उम्मीदवार को लेकर कयास लगाए जा रहे थे. सोशल मीडिया पर इस सीट को लेकर काफी चर्चा थी. अब कांग्रेस की तरफ से पूर्व केंद्रीय मंत्री अरुण यादव का नाम सामने आने पर रणनीति स्पष्ट हो गई है कि पार्टी शिवराज के खिलाफ बड़ा ओबीसी चेहरा उतार कर उन्हें घर में घेरना चाहती है. ताकि वे ज्यादा से ज्यादा समय बुधनी में ही दें.
आपको बता दें कि 2003 के विधानसभा चुनाव में बीजेपी ने तत्कालीन मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह के खिलाफ राघोगढ़ से शिवराज सिंह चौहान को मैदान में उतारा था. बीजेपी को इस चुनाव में भारी बहुमत मिला था, लेकिन शिवराज चुनाव हार गए थे. अरुण यादव के ऐलान से कांग्रेस ने भी कुछ ऐसा ही दांव अब बीजेपी पर दोहराने की कावयद की है.
इंदौर-5 से दावेदारी ठोक रहे थे आनंद राय
कांग्रेस की तरफ से जारी इस छठी और आखिरी सूची में सात नाम हैं जिनमें मानपुर, इंदौर-1 और रतलाम-ग्रामीण सीट पर उम्मीदवार बदले गए हैं, वहीं जतारा विधानसभा सीट शरद यादव पार्टी लोकतात्रिक जनता दल को दी गई है. इंदौर-5 सीट से कांग्रेस ने सत्यनारायण पटेल को टिकट दिया है, पटेल 2014 के आम चुनावों में कांग्रेस पार्टी की तरफ से इंदौर सीट से लोकसभा के उम्मीदवार थे. बता दें कि इंदौर-5 सीट से व्यापमं व्हिसल ब्लोअर आनंद राय कांग्रेस से टिकट की आस लगाए थे लेकिन अंतिम समय में पार्टी ने पटेल को टिकट दे दिया.
टिकट कटने पर आनंद राय ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा, "राहुल गांधी के आश्वासन के बावजूद उन्हें चुनाव लड़ने के लिए टिकट नहीं मिला. मेरी वजह से ही व्यापमं घोटाले के आरोपी संजीव सक्सेना को कांग्रेस ने टिकट नहीं दिया."
I have not been given a ticket to fight elections even though Rahul Gandhi had assured me of it. It was only because of me that Congress's Sanjeev Saxena (Vyapam accused) was not given a ticket: Dr Anand Rai, Vyapam whistleblower #MadhyaPradesh pic.twitter.com/k6mP85ohCT
— ANI (@ANI) November 8, 2018
इससे पहले गुरुवार को कांग्रेस ने उम्मीदवारों की पांचवीं सूची जारी की थी जिसमें 16 नाम शामिल थे. इस सूची में बीजेपी से बगावत करने वाले सरताज सिंह को होशंगाबाद से टिकट दिया गया है. सरताज सिंह विधानसभा अध्यक्ष सीताशरण शर्मा के खिलाफ मैदान में होंगे. कांग्रेस ने एक और सीट देवसर से अपना प्रत्याशी बदला है. देवसर से अब रामभजन की जगह वंशमणि वर्मा को टिकट दिया गया है.
राज्य की सभी 230 विधानसभा सीटों पर 28 नवंबर को मतदान है. 11 दिसंबर को नतीजे घोषित होंगे.