दिल्ली के एक पूर्व मुख्य सचिव ने एक सरकारी अधिकारी को रिश्वत की पेशकश करने को लेकर की बेटी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है.
दिल्ली में मुख्य सचिव के पद पर रह चुके सेवानिवृत आईएएस अधिकारी उमेश सहगल ने भ्रष्टाचार रोधी ब्यूरो (एसीबी) प्रमुख एसएस यादव को एक पत्र लिखकर केजरीवाल की बेटी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की.
गौरतलब है कि केजरीवाल ने रविवार को दावा किया था कि के सत्ता में आने के बाद भ्रष्टाचार 70 से 80 फीसदी कम हो गया है और उन्होंने यह उदाहरण दिया था कि किस तरह से उनकी बेटी ने पाया कि अधिकारी अब रिश्वत लेने से कतरा रहे थे जब वह अपना ड्राइविंग लाइसेंस लेने गई थी. केजरीवाल के मुताबिक उनकी बेटी ने सारे दस्तावेज नहीं लेकर आने के बहाने क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी (आरटीओ) को रिश्वत की पेशकश की थी, लेकिन उसका अनुरोध ठुकरा दिया गया.
उसने फिर अनुरोध करते हुए कहा था, 'कुछ ले देकर लो ना सर.' सहगल ने केजरीवाल के इन दावों का हवाला देते हुए एसीबी प्रमुख से उनके बयान का सत्यापन करने और भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 के तहत उनके खिलाफ कार्रवाई करने को कहा. इस बीच, भगत सिंह क्रांति सेना प्रमुख तजिंदर पाल सिंह बग्गा ने भी दिल्ली पुलिस के पास इस सिलसिले में एक शिकायत दर्ज कराई है.
इनपुट: भाषा