छत्तीसगढ़ के दुर्ग नगर निगम में एक कथित आपत्तिजनक व्हाट्सएप (WhatsApp) चैट के वायरल होने के बाद बड़ा विवाद खड़ा हो गया. निगम आयुक्त के निजी सहायक के रूप में कार्यरत प्लेसमेंट कर्मचारी गौतम साहू को हिंदू देवी-देवताओं और धार्मिक गुरुओं पर अभद्र टिप्पणी करने के आरोप में पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया. पुलिस ने धार्मिक भावनाएं आहत करने के आरोप में बीएनएस की धारा 299 के तहत मामला दर्ज किया है.
बताया गया कि गौतम साहू एक महिला कर्मचारी के साथ निजी व्हाट्सएप चैट कर रहा था. इसी चैट में हनुमानजी, उज्जैन के महाकाल बाबा और नीम करौली बाबा को लेकर कथित रूप से आपत्तिजनक बातें लिखी गई थीं. चैट वायरल होते ही बजरंग दल और अन्य हिंदू संगठनों के कार्यकर्ता बड़ी संख्या में निगम कार्यालय पहुंच गए, जिससे कार्यालय परिसर में तनावपूर्ण माहौल बन गया.
गुस्साए कार्यकर्ताओं ने गौतम साहू को आयुक्त कार्यालय से बाहर निकाल लिया. इस दौरान धक्का-मुक्की और मारपीट की स्थिति बन गई. आरोप है कि कार्यकर्ताओं ने उसकी पिटाई की और कपड़े भी फाड़ दिए. घटना के कारण कुछ समय तक निगम कार्यालय का कामकाज भी प्रभावित रहा.
पुलिस की कार्रवाई और गिरफ्तारी
सूचना मिलते ही पदमनापुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और गौतम साहू को भीड़ से निकालकर थाने ले गई. पुलिस ने धार्मिक भावना को ठेस पहुंचाने के मामले में आरोपी के खिलाफ बीएनएस की धारा 299 के तहत अपराध दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया.
सीएसपी भिलाई नगर सत्य प्रकाश तिवारी ने बताया कि सोशल मीडिया पर देवी-देवताओं के विरुद्ध अपशब्द लिखने और धार्मिक भावनाओं को आहत करने के मामले में यह कार्रवाई की गई है. पुलिस के अनुसार, वायरल चैट सुबह एक महिला कर्मचारी द्वारा हिंदू संगठन के कार्यकर्ताओं तक पहुंचाई गई थी, जिसके बाद दोपहर में बड़ी संख्या में लोग निगम दफ्तर पहुंच गए.
मारपीट का मामला भी दर्ज
पुलिस के मुताबिक, गौतम साहू की पत्नी दीपिका साहू ने मारपीट की शिकायत दर्ज कराई है. इस संबंध में मारपीट करने वाले आरोपियों के खिलाफ भी रिपोर्ट दर्ज की गई है. गौतम साहू का मेडिकल परीक्षण कराया गया, जिसके बाद उन्हें अस्पताल से छुट्टी दे दी गई. पुलिस दोनों मामलों में आगे की कार्रवाई कर रही है.