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e-Agenda Aaj Tak: कोरोना के योद्धाः लॉकडाउन का एक महीना, पुलिस ने ऐसे किया चुनौतियों का सामना

लॉकडाउन के दौरान बीते एक महीने में देश के सभी राज्यों में पुलिस एक नायक के तौर पर सामने आई है. ई-एजेंडा के मंच पर देश के तीन बड़े पुलिस अफसरों ने बताया कि लॉकडाउन में किस तरह पुलिस चुनौतियों का सामना करते हुए अपना काम कर रही है.

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पुलिस ने अपनी ड्यूटी के साथ-साथ दिखाई मानवता भी (फोटो- आजतक) पुलिस ने अपनी ड्यूटी के साथ-साथ दिखाई मानवता भी (फोटो- आजतक)

  • लॉकडाउन में पुलिस ने कायम की इंसानियत की मिसाल
  • ई-एजेंडा के माध्यम से पुलिस को हमारा सलाम

लॉकडाउन के दौरान बीते एक महीने में देश के सभी राज्यों में पुलिस एक नायक के तौर पर सामने आई है. देश के सबसे बड़े टीवी चैनल आजतक पर शुक्रवार को ई-एजेंडा के मंच पर देश के तीन बड़े पुलिस अफसरों ने बताया कि लॉकडाउन में किस तरह पुलिस चुनौतियों का सामना करते हुए काम कर रही है. तीनों अफसरों ने कहा कि कोरोना के खिलाफ पुलिस पूरी तरह से मुस्तैद है, लॉकडाउन का पालन पूरी सख्ती से कराया जा रहा है. सबसे अहम है जरूरतमंदों तक राशन, खाना और दवाएं पहुंचाना.

लखनऊ के पुलिस के कमिश्नर सुजीत पांडे का कहना है कि राजधानी लखनऊ में 17 हॉटस्पाट एरिया हैं. अब टेस्टिंग बहुत अधिक हो रही है. उन्हीं इलाकों में नए केस बढे हैं. इन हॉटस्पाट एरिया को दो लेयर में सील किया गया है. किसी को वहां जाने की इजाजत नहीं है. दुकानें नहीं खुल रही हैं. कोई ठेला आदि भी वहां नहीं जा सकता. खासकर कुछ प्राइवेट गाड़ियां राशन या खाना सप्लाई के नाम पर वहां जा रही थीं, उन्हें पूरी तरह से बैन कर दिया गया है.

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पुलिस कमिश्नर सुजीत पांडे ने बताया कि लोगों की मूवमेंट ना हो. लोग घरों से बाहर ना निकलें. इसके लिए ड्रोन से निगरानी की जा रही है. साथ ही हॉटस्पाट एरिया में सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं. जिनकी मदद से नजर रखी जा रही है. हर तरफ बैरिकेडिंग की गई है. लॉक डाउन को पूरी तरह से लागू किया गया है. किसी को ढील नहीं दे रहे हैं.

मुंबई पुलिस के ज्वाइंट कमिश्नर विनय चौबे ने बताया कि मुंबई में स्लम का इलाका एक बड़ी चुनौती है. जहां मानवता के नाते राशन और खाना पहुंचाना बहुत ज़रूरी था. ऐसे में पुलिस ने हालात को हैंडिल करने के लिए इस बात का ध्यान रखा कि नॉर्मल सोसाइटी की समस्या को अलग तरीके से टैकल किया. और धारावी और शिवाजी नगर में अलग तरीका अपनाया. जो टारगेटेड एरिया थे, उनमें खास फोकस किया.

ज्वाइंट कमिश्नर विनय चौबे ने कहा कि मुंबई देश की आर्थिक राजधानी है, ऐसे में बिजनेस से जुड़ी गतिविधियों को प्रभावित किए बिना काम किया. मानवीय पहलू का ख्याल रखा गया. ज़रूरतमंदों तक राशन समय से पहुंचे. इसलिए सप्लाई चैन को मेंटेन रखा और थाने के स्तर पर कोऑर्डिनेशन बनाया गया.

दिल्ली के एडिशनल कमिश्नर व जनसंपर्क अधिकारी मनदीप सिंह रंधावा ने बताया कि लॉकडाउन में सबसे ज़रूरी बात होती है, वो ये है कि ज़रूरी सामान की सप्लाई बनी रहे और सभी जगह पिकेट हों. लॉकडाउन का पालन हो और स्टाफ का मोराल हाई रहे. ऐसे में लॉकडाउन लागू होते ही पुलिस ने जगह-जगह पिकेट लगाई. बॉर्डर पर पिकेट लगाई. और स्टाफ का मोराल हाई रहे, इसके लिए वरिष्ठ अधिकारी मौके पर जाकर स्टाफ से बात कर रहे हैं. साथ ही रोजमर्रा के सामान की सप्लाई बनी रहे इसके लिए पास जारी किए हैं.

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