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नुसरत भरूचा ने बताया वो किस्सा जब 'भूत' से पड़ा था पाला, 30 सेकेंड में छोड़ा था होटल

हाल ही में एक इंटरव्यू के दौरान नुसरत ने अपने निजी जीवन से जुड़े भूत के अनुभवों को साझा किया और बताया कि उन्हें हमेशा से भूतों में विश्वास था मगर एक दफा उनके साथ एक ऐसा किस्सा हुआ था जिसके बाद उनका विश्वास और भी मजबूत हो गया.

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नुसरत भरूचा
नुसरत भरूचा
स्टोरी हाइलाइट्स
  • नुसरत भरूचा ने बताया डरावना किस्सा
  • जब भूत से पड़ा था एक्ट्रेस का पाला
  • दिल्ली में शूटिंग के दिनों की घटना की शेयर

प्यार का पंचनामा फेम एक्ट्रेस नुसरत भरूचा इन दिनों अपनी ओटीटी प्लेटफॉर्म पर रिलीज हुई हॉरर फिल्म छोरी को लेकर चर्चा में हैं. एक्ट्रेस इस फिल्म के प्रमोशन में भी बिजी हैं. हाल ही में एक इंटरव्यू के दौरान नुसरत ने अपने निजी जीवन से जुड़े भूत के अनुभवों को साझा किया और बताया कि उन्हें हमेशा से भूतों में विश्वास था मगर एक दफा उनके साथ एक ऐसा किस्सा हुआ था जिसके बाद उनका विश्वास और भी मजबूत हो गया. 

भूत में हमेशा से है नुसरत को यकीन

जब एक्ट्रेस से पूछा गया क्या उन्हें भूत-प्रेत में विश्वास है तो उन्होंने इसपर रिएक्ट करते हुए कहा- मुझे उन चीजों पर विश्वास है जो मैं नहीं देख सकती ना महसूस कर सकती हूं मगर कुछ हमारे आस-पास होता है. मुझे ऐसा लगता है कि ये ब्रह्मांड में कई सारी चीजें अलग तरह से होती हैं मगर एक इंसान को इसकी गहराइयों को समझ पाना इतना आसान नहीं होता. कुदरत के कई सारे अजूबे ऐसे हैं जिसपर बिलीव कर पाना मुश्किल है. क्यों हम सिर्फ यही सोचते हैं कि आखिर ये कैसे हुआ. लेकिन हम कई घटनाओं से अचंभित होते हैं. मुझे तो एलियंस पर भी भरोसा है. मुझे लगता है वे ब्रह्मांड में कहीं ना कहीं हैं.

 

जब नुसरत से पूछा गया क्या उन्हें इससे जुड़ा कोई इंसिडेंट याद है तो एक्ट्रेस ने कहा- मुझे बचपन से ही भूत-प्रेत में यकीन था जबकि मेरा कभी भी किसी भूत से पाला नहीं पड़ा था. लेकिन एक दफा मैं दिल्ली में थी और शूटिंग के सिलसिले से वहां गई हुई थी. मुझे कुछ महसूस हुआ. होटल के कमरे में एक छोटा सा वार्डरोब एरिया था जहां कपड़े टांग सकते थे. बगल में एक टेबल थी जहां मैंने सूटकेस रखा. 

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जब हो गई नुसरत की हालत खराब

मैंने अपना सूटकेस खुला रखा था टेबल के ऊपर. लेकिन जब मैं सुबह उठी तो सबकुछ वैसा नहीं था. ब्रीफकेस नीचे पड़ा हुआ था और कपड़े फ्लोर पर बिखरे हुए थे. ऐसा अपने आप से हो ही नहीं सकता. अगर वो टेबल से गिरता तो उसकी पोजिशनिंग वैसी ना होती. लेकिन वो सेम पोजिशन पर नीचे गिरा था जिसे कोई इंसान ही उठाकर नीचे रख सकता है. और वहां पर कोई था ही नहीं. मुझे अच्छी तरह याद था मैंने टेबल पर सूटकेस रखा था. फिर उसका नीचे पाया जाना थोड़ा शॉकिंग था. ये बहुत अजीब था. वहां कुछ तो था जो नॉर्मल नहीं था. मुझे जैसे ही इस बात का एहसास हुआ मैं 30 सेकेंड में होटल के बाहर आ गई. ये डरावना था. मेरे स्टाफ ने भी यही कहा कि हमें ये जगह छोड़ देनी चाहिए. फिर हम वहां से तुरंत निकल लिए.

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