बॉलीवुड की रंगीन दुनिया में हर साल सैकड़ों चेहरे आते हैं, कुछ गुमनाम हो जाते हैं तो कुछ इतिहास रच देते हैं. लेकिन नीता मेहता की कहानी इन सबसे जुदा है. 70 और 80 के दशक में अपनी खूबसूरती और बेहतरीन एक्टिंग से विनोद खन्ना और संजीव कुमार जैसे दिग्गजों के साथ स्क्रीन शेयर करने वाली नीता मेहता आज फिल्मों से कोसों दूर साध्वी का जीवन जी रही हैं. (Photo: Screengrab)
कभी ग्लैमर की दुनिया का बड़ा नाम रहीं नीता मेहता की जिंदगी का सफर जितना फिल्मी पर्दे पर रोमांचक था, असल जिंदगी में उतना ही उतार-चढ़ाव भरा रहा. एक समय ऐसा भी आया जब उन्हें अपने प्यार और अपने करियर के बीच किसी एक को चुनना था, और उन्होंने जो रास्ता चुना, उसने उनकी पूरी जिंदगी ही बदल कर रख दी. (Photo: Screengrab)
मुंबई के एक पढ़े-लिखे गुजराती परिवार में जन्मी नीता मेहता के लिए एक्टिंग की राह कभी आसान नहीं थी. उनके पिता एक वकील और मां डॉक्टर थीं. लेकिन नीता के दिल में बचपन से ही एक्टिंग का जुनून सवार था. जब घरवालों ने एक्टिंग स्कूल जाने की इजाजत नहीं दी, तो उन्होंने बगावत का रास्ता चुना. (Photo: Screengrab)
उन्होंने चुपके से FTII (फिल्म एंड टेलीविजन इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया) का फॉर्म भर दिया. उस साल करीब 20,000 आवेदकों में से महज 4-5 लोगों का चयन होना था. नीता को उम्मीद नहीं थी, लेकिन उनकी किस्मत ने साथ दिया और उन्हें दाखिला मिल गया. (Photo: Screengrab)
FTII में पढ़ाई के दौरान ही नीता की पहचान फिल्म जगत के बड़े नामों से होने लगी. उन्होंने मॉडलिंग शुरू की और कॉलेज के दिनों में ही उन्हें 'पोंगा पंडित' और 'यह है जिंदगी' जैसी फिल्में मिल गईं. लेकिन उनके करियर का सबसे बड़ा मोड़ साल 1978 में आया, जब राज खोसला ने उन्हें अपनी फिल्म 'मैं तुलसी तेरे आंगन की' के लिए साइन किया. (Photo: Screengrab)
विनोद खन्ना और आशा पारेख जैसे सितारों के बीच नीता मेहता अपनी छाप छोड़ने में कामयाब रहीं. इस फिल्म ने उन्हें रातों-रात घर-घर में मशहूर कर दिया और उनके पास फिल्मों की लाइन लग गई. (Photo: Screengrab)
नीता मेहता ने अस्सी के दशक में कई हिट फिल्में दीं, लेकिन पर्दे पर उनकी जोड़ी सबसे ज्यादा संजीव कुमार के साथ पसंद की गई. साथ काम करते-करते दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ीं और गहरी दोस्ती प्यार में बदल गई. नीता संजीव कुमार से बेहद प्यार करती थीं और उनके साथ घर बसाना चाहती थीं. (Photo: Screengrab)
एक्ट्रेस ने संजीव को शादी के लिए प्रपोज भी किया, लेकिन एक्टर ने उनके सामने एक ऐसी शर्त रख दी जिसने नीता को झकझोर दिया. संजीव चाहते थे कि शादी के बाद नीता एक्टिंग की दुनिया से पूरी तरह नाता तोड़ लें और एक हाउस वाइफ बनकर रहें. (Photo: Screengrab)
नीता मेहता अपने काम और अपनी आजादी से बेहद प्यार करती थीं. उन्होंने संजीव कुमार के सामने साफ कर दिया कि वह शादी के बाद भी काम करना चाहती हैं. संजीव को शायद लगा कि नीता भी अन्य लोगों की तरह उनके नाम और शोहरत के लिए उनसे जुड़ना चाहती हैं, इसलिए उन्होंने नीता का ऑफर ठुकरा दिया. (Photo: Screengrab)
प्यार के लिए अपने करियर की कुर्बानी न देने का फैसला नीता पर भारी पड़ा. जैसे ही फिल्म इंडस्ट्री में इस विवाद की चर्चा हुई, नीता को काम मिलना कम हो गया. देखते ही देखते वह लीड हीरोइन से साइड रोल और फिर बुजुर्ग महिलाओं के किरदारों तक सीमित रह गईं. (Photo: FB/Swami Nityanand Giri)
उन्होंने फिल्म जगत को हमेशा के लिए अलविदा कह दिया. संजीव कुमार से अलग होने के बाद उन्होंने कभी किसी और से शादी नहीं की. आखिरकार, अपनी मां की तरह वह भी मां आनंदमयी के आश्रम की शरण में चली गईं. (Photo: FB/Swami Nityanand Giri)
नीता मेहता की पहचान अब एक साध्वी स्वामी नित्यानंद गिरी के तौर पर हैं. वो अब किताबें लिखती हैं और यूट्यूब के माध्यम से अपने विचार शेयर करती हैं. ग्लैमर की दुनिया को छोड़कर अब वह भगवान की भक्ति में ही सुकून पाती हैं.(Photo: FB/Swami Nityanand Giri)