Jawaharlal Nehru University (JNU) में अब इंजीनियरिंग और मैनेजमेंट की पढ़ाई भी शुरू हो सकती है. यूनिवर्सिटी ने इसके लिए UGC को एक प्रस्ताव भी भेज दिया है. अगर इसे अनुमोदित किया जाता है तो विश्वविद्यालय 2018 से इन विषयों में छात्रों का एडमिशन लेना शुरू कर देगा.
साल 1969 में स्थापित इस संस्थान को लोग arts और humanities विषयों के लिए जानते हैं. पर अब JNU इंजीनियरिंग और मैनेजमेंट तक विस्तार करना
चाहता है और इसके लिए अधिकारियों ने प्रोपोजल तैयार कर यूनिवर्सिटी रेगुलेटर UGC को भेज दिया है.
सरकार द्वारा संचालित की जाने वाली यह यूनिवर्सिटी UGC के क्लीयरेंस के बिना कोई भी नया कोर्स शुरू नहीं कर सकती. क्योंकि इसके लिए यूनिवर्सिटी को फंडिंग के
साथ-साथ फैकल्टी, इंफ्रास्ट्रक्चर और अन्य दूसरे तरह के खर्चों की आवश्यकता भी होगी.
सूत्रों की मानें तो जेएनयू के प्रोपोजल पर बातचीत शुरू हो गई है और जल्द ही इस पर फैसला लिया जा सकता है.
यूनिवर्सिटी इसकी शुरुआत इंजीनियरिंग के बैचलर प्रोग्राम से कर सकती है. वहीं मैनेजमेंट कोर्स पर अब भी विचार चल रहा है.
मानव संसाधन विकास मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारियों ने बताया कि जेएनयू समेत सभी यूनिवर्सिटीज ने अगले साल के लिए अपनी योजनाएं जमा कर दी हैं. कोई भी निर्णय लेने से पहले सभी योजनाओं और प्रस्ताओं पर विचार किया जाएगा और उसके बाद ही उस पर फैसला लिया जाएगा.
जेएनयू के ग्रेजुएट, पोस्ट ग्रेजुएट और पीएचडी प्रोग्राम्स में 7000 से ज्यादा छात्र पढ़ाई कर रहे हैं.