कॉमन यूनिवर्सिटी एंट्रेंस टेस्ट (CUET) को यूजीसी ने एक सफल प्रयास घोषित किया है. इस एक परीक्षा के जरिये सभी विश्वविद्यालयों में बीते साल स्नातक दाखिले की प्रक्रिया शुरू हुई थी. पहले साल सीयूईटी को 92 विश्वविद्यालयों ने अपनाया था. साल 2023 में 242 विश्वविद्यालयों ने इस टेस्ट से एडमिशन लेने का फैसला लिया है. यूजीसी चेयरमैन प्रो एम जगदीश कुमार ने कहा कि सीयूईटी एक साल में काफी पॉपुलर हुआ है. इसे तेजी से विश्वविद्यालय अपना रहे हैं.
बीते साल 2022 में 15 दिसंबर को एनटीए ने विश्वविद्यालयों और छात्रों को तैयार होने के लिए पर्याप्त समय देते हुए सीयूईटी-यूजी के कार्यक्रम की घोषणा की. आवेदन प्रक्रिया 09 फरवरी 2023 को शुरू हुई थी और अंतिम तिथि 12 मार्च 2023 से बढ़ाकर 30 मार्च 2023 कर दी गई थी. इस विस्तार ने अधिक विश्वविद्यालयों और छात्रों को सीयूईटी-यूजी का विकल्प चुनने का मौका दे दिया.
यूजीसी के अध्यक्ष, प्रो. एम. जगदीश कुमार ने बताय कि साल 2022 में यूजीसी के सीयूईटी-यूजी परिचय के प्रथम वर्ष में, 12.50 लाख छात्रों ने पंजीकरण कराया और 9.9 लाख छात्रों ने अपने आवेदन जमा किए. वहीं साल 2023 में सीयूईटी-यूजी में कुल 16.85 लाख छात्रों ने पंजीकरण कराया था. इनमें से 13.95 लाख ने आवेदन शुल्क का भुगतान किया और आवेदन पत्र जमा किया. इस तरह आंकड़ों के अनुसार सीधे सीधे 4.0 लाख छात्रों की वृद्धि साल 2023 में हुई है. इस साल बीते साल की तुलना में CUET-UG के लिए बैठने वाले छात्रों की कुल संख्या में 41% की वृद्धि हुई है.
ज्यादा विश्वविद्यालयों ने सीयूईटी को अपनाया
प्रो एम जगदीश कुमार ने आगे कहा कि इस साल भाग लेने वाले विश्वविद्यालयों की संख्या में भी वृद्धि देखी गई है. साल 2022 में सिर्फ 90 विवि ने इसमें हिस्सा लिया था. लेकिन 2023 में यह आंकड़ा बढ़कर 242 हो गया. यह महत्वपूर्ण वृद्धि इंगित करती है कि सीयूईटी-यूजी यूजी कार्यक्रमों में प्रवेश के लिए एक लोकप्रिय विकल्प बन रहा है.
साल 2023 में सीयूईटी-यूजी के लिए बैठने वाले 13.99 लाख में से 6.51 लाख महिलाएं हैं, और 7.48 लाख पुरुष हैं. जबकि 2022 में सीयूईटी-यूजी के लिए आवेदन करने वाले 9.90 लाख में से 4.34 लाख महिलाएं हैं, और 5.56 लाख पुरुष हैं. साल 2022 की तुलना में इस वर्ष महिला छात्रों की संख्या में 50% की वृद्धि हुई है जबकि पुरुष छात्रों में यह वृद्धि 34% है.
देखें श्रेणीवार आंकड़े
छात्रों की विभिन्न श्रेणियों (एसटी, एससी, ओबीसी-एनसीएल, सामान्य-अनारक्षित, ईडब्ल्यूएस) में एसटी वर्ग के छात्रों के जमा किए गए आवेदनों की संख्या में काफी वृद्धि हुई है. साल 2022 में यह 58881 थी लेकिन 2023 में यह 95119 है, जो 2022 की तुलना में 61.5% की वृद्धि दर्शाता है. अन्य श्रेणियों में भी इसी तरह की वृद्धि देखी गई है. अनुसूचित जाति वर्ग के छात्रों के लिए, 2023 में जमा किए गए आवेदन 140307 हैं, जो 2022 की तुलना में 35.5% की वृद्धि है.
इसी प्रकार ओबीसी-एनसीएल, सामान्य-अनारक्षित और ईडब्ल्यूएस श्रेणी के छात्रों के लिए 2023 में जमा किए गए आवेदनों की संख्या 461022, 642443 और 60611 है. यह 2022 की तुलना में ओबीसी-एनसीएल, सामान्य-अनारक्षित और ईडब्ल्यूएस श्रेणी के आवेदनों में 45.2%, 39.6% और 20.5% की वृद्धि दर्शाता है.
सीयूईटी परीक्षा के बारे में जानें
सीयूईटी-यूजी स्कोर का उपयोग बीए, बी.कॉम और बी.एससी समेत विभिन्न विषयों में प्रवेश के लिए किया जाता है. इसके अलावा इसका उपयोग कई अन्य कार्यक्रमों में प्रवेश के लिए भी किया जाता है जैसे इंटीग्रेटेड ड्यूल डिग्री बीबीए एलएलबी, बी. वोक, बी. डेस, बैचलर ऑफ आर्किटेक्चर, बैचलर इन कंप्यूटर एप्लीकेशन, बैचलर ऑफ फिजियोथेरेपी, इंटीग्रेटेड बी. एससी.-एम.एससी या एकीकृत बीए-एमए आदि में.
इंजीनियरिंग में भी सीयूईटी से मिल रहा प्रवेश
मजे की बात यह है कि सीयूईटी-यूजी स्कोर का उपयोग बी.टेक में प्रवेश के लिए भी किया जाता है. बड़ी संख्या में विश्वविद्यालयों द्वारा विभिन्न इंजीनियरिंग विषयों में इसका उपयोग बीटेक के दूसरे वर्ष में डिप्लोमा धारकों के पार्श्व प्रवेश के लिए भी किया जाता है.
जिन पांच केंद्रीय विश्वविद्यालयों को 2023 में सीयूईटी-यूजी के लिए सबसे अधिक संख्या में आवेदन प्राप्त हुए हैं, वे इस क्रम में हैं:
दिल्ली विश्वविद्यालय
बनारस हिंदू विश्वविद्यालय
इलाहाबाद विश्वविद्यालय
बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय
जामिया मिलिया इस्लामिया
इन राज्यों से सबसे ज्यादा छात्रों ने सीयूईटी से लिया प्रवेश
जिन शीर्ष तीन राज्यों से छात्रों की सबसे बड़ी संख्या सीयूईटी-यूजी 2023 में शामिल होगी, वे उत्तर प्रदेश, दिल्ली और बिहार हैं. वही तीन राज्य 2022 में भी शीर्ष तीन राज्य रहे. इसके अलावा जम्मू और कश्मीर क्षेत्र से छात्रों की संख्या में काफी उछाल आया है. साल 2022 में, इस क्षेत्र से कुल 13021 छात्रों ने सीयूईटी-यूजी लिया लेकिन 2023 में यह संख्या 82655 है जो 6.3 गुना की वृद्धि दर्शाती है.
वहीं नॉर्थ ईस्ट रीजन (अरुणाचल प्रदेश, असम, मणिपुर, मेघालय, मिजोरम, नागालैंड और सिक्किम) से सीयूईटी-यूजी लेने वाले छात्रों की संख्या में 2022 की तुलना में 31% की वृद्धि हुई है. दक्षिण के पांच राज्यों - आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, केरल, तेलंगाना और तमिलनाडु में केरल के छात्रों की सबसे बड़ी संख्या सीयूईटी-यूजी का प्रयास करेगी. 2022 में, केरल के 37303 छात्रों ने CUET-UG के लिए आवेदन किया था, वहीं 2023 में, यह संख्या 56,111 तक पहुंच गई, जो 2022 की तुलना में 51% की वृद्धि दर्शाती है. साला 2023 में सबमिट किए गए आवेदनों की दूसरी सबसे बड़ी संख्या तमिलनाडु से है.
पिछले साल 59 देशों के छात्रों ने सीयूईटी-यूजी के लिए अपने आवेदन जमा किए थे. वहीं साल 2023 में, यह संख्या बढ़कर 74 देशों में हो गई, जिसमें 1000 छात्र यूरोप, एशिया, अमेरिका और खाड़ी देशों में फैले हुए थे.