हैदराबाद में एक 22 वर्षीय युवती ने आत्महत्या कर ली, जिसे पिछले महीने एक रिश्तेदार द्वारा जबरन एचआईवी संक्रमित खून का इंजेक्शन लगाने का मामला सामने आया था. पुलिस के अनुसार, यह घटना 11 मार्च को हुई थी, जब युवती के परिवार ने आरोपी के एचआईवी पॉजिटिव होने की जानकारी मिलने के बाद उससे शादी करने से इनकार कर दिया था.
बताया जा रहा है कि युवती का शव उसकी नानी के घर में फांसी के फंदे से लटका मिला. मौके से एक सुसाइड नोट भी बरामद हुआ है. प्रारंभिक जांच में पुलिस ने बताया कि सोशल मीडिया पर घटना को जिस तरह से पेश किया जा रहा था, उससे युवती काफी परेशान थी.
पुलिस के मुताबिक, आरोपी और पीड़िता आपस में रिश्तेदार थे और पहले परिवार ने दोनों की शादी तय की थी. लेकिन सितंबर में जांच के दौरान युवक के एचआईवी पॉजिटिव पाए जाने के बाद रिश्ता तोड़ दिया गया. इसके बाद आरोपी ने कथित तौर पर यह सोचकर युवती को संक्रमित खून का इंजेक्शन लगाया कि वह उससे शादी करने के लिए मजबूर हो जाएगी. शादी टूटने के बाद युवक ने कहा कि तुम मेरी नहीं तो किसी और की नहीं हो सकती. मैं तुम्हें किसी और का नहीं होने दूंगा.
घटना के बाद युवती का अस्पताल में इलाज चल रहा था, इसी दौरान पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर हत्या के प्रयास के आरोप में मामला दर्ज किया था. फिलहाल पोचारम आईटी कॉरिडोर थाने में आत्महत्या का मामला दर्ज कर जांच जारी है.
बता दें कि HIV से बचाव पूरी तरह संभव है, अगर सही सावधानियां अपनाई जाएं. यह वायरस मुख्य रूप से असुरक्षित यौन संबंध, संक्रमित खून, सुई या मां से बच्चे में फैलता है. बचाव के लिए ये जरूरी बातें ध्यान रखें.
सुई या इंजेक्शन साझा न करें. कभी भी किसी और की इस्तेमाल की हुई सुई, सिरिंज या ब्लेड का उपयोग न करें. अगर ब्लड ट्रांसफ्यूजन हो, तो सुनिश्चित करें कि खून HIV टेस्टेड और सुरक्षित हो.. अगर जोखिम हो, तो समय-समय पर HIV टेस्ट कराते रहें. अगर महिला HIV पॉजिटिव है, तो डॉक्टर की सलाह से इलाज लेकर बच्चे को संक्रमण से बचाया जा सकता है. अफवाहों से बचें—HIV हाथ मिलाने, साथ बैठने या खाना खाने से नहीं फैलता.