दिल्ली के प्रगति मैदान में एक बड़ी लूट की वारदात के बाद अब कश्मीरी गेट इलाके में लूट की एक और घटना सामने आई है. जानकारी के मुताबिक तीन बदमाशों ने मंगलवार शाम को एक खोया व्यापारी से 4 लाख रुपये लूट लिए. लूट के बाद भागते समय सड़क पार करते वक्त आरोपी सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गए हैं.
फिलहाल पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है. मालूम हो कि इससे पहले 24 जून को राष्ट्रीय राजधानी में प्रगति मैदान टनल के अंदर एक डिलीवरी एजेंट और उसके सहयोगी से बंदूक की दम पर लाखों रुपये लूट लिए थे.
वहीं दिल्ली के प्रगति मैदान टनल में लूट की शामिल अबतक सात आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है. वहीं पुलिस ने उनके पास से अब तक 5 लाख रुपये भी बरामद किए हैं. पुलिस को आशंका है कि बदमाशों ने दो लाख नहीं बल्कि 50 लाख रुपये का कैश लूटा था. पुलिस ने उस्मान अली उर्फ कल्लू (बुराड़ी ), इरफान, सुमित उर्फ आकाश, अनुज मिश्रा उर्फ सैंकी , कुलदीप उर्फ लंगड़, प्रदीप उर्फ सोनू, अमित उर्फ बाला को गिरफ्तार किया है. पुलिस ने बताया है कि लूटकांड का मास्टरमाइंड ओमिया एंटरप्राइजेज कंपनी में काम कर चुका है. इसी कंपनी के डिलीवरी एजेंट से लूट हुई थी.
पुलिस की प्राथमिक जांच में पता चला है कि आरोपियों ने लूट से पहले दो दिन (गुरुवार और शु्क्रवार) रेकी की थी. इसके बाद शनिवार को उन्होंने वारदात को अंजाम दे दिया. डिलीवरी एजेंट ने बताया कि उसने लाल किले से गुरुग्राम के लिए टैक्सी बुक की थी, लेकिन जैसे ही टैक्सी प्रगति मैदान टनल से गुजरी, बदमाशों ने कार को घेर लिया और रुपयों ये भरा बैग लेकर भाग गए.
अनुज मिश्रा जलबोर्ड में कॉन्ट्रैक्ट पर मैकेनिक है. जबकि कुलदीप एक सब्जी विक्रेता है और उसने लूट के लिए पिस्टल और गोलियों की व्यवस्था कराई. वहीं, इरफान नाई है और वह अपने चचेरे भाई उस्मान के जरिए अन्य आरोपियों के संपर्क में आया. सुमित भी सब्जी बेचता है.
पुलिस के मुताबिक, प्रदीप फिरौती के एक मामले में आठ साल तक न्यायिक हिरासत में रह चुका है. वह दो साल पहले ही जेल से रिहा हुआ है. अमित प्रदीप के जरिए ही उस्मान के संपर्क में आया. उस्मान के बुराड़ी स्थित फ्लैट पर लूट कांड की साजिश रची गई. कुलदीप पर पहले से स्नैचिंग और डकैती के 16 मामले दर्ज हैं. वहीं, मिश्रा पर 5 केस दर्ज हैं. जबकि प्रदीप 37 आपराधिक मामलों में शामिल रहा है.