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'यूनिफाॅर्म नहीं है, जब पापा दिलाएंगे तब पहन कर आएंगे...' इतना सुनते ही छात्रा की पिटाई

भदोही के मानिकपुर गांव में सरकारी स्कूल में पढ़ने वाली दलित छात्रा को दबंग ने चांटा जड़ दिया. छात्रा का कसूर सिर्फ इतना था कि वो स्कूल यूनिफाॅर्म में नहीं थी. छात्रा की मां की शिकायत पर दबंग को गिरफ्तार किया गया है. बताया गया कि दबंग मनोज दुबे का गांव के स्कूल से कोई संबंध नहीं है.

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थाना चौरी जनपद भदोही
थाना चौरी जनपद भदोही

यूपी की भदोही जनपद से दलित छात्रा को गांव के दबंग द्वारा थप्पड़ मारने का मामला सामने आया है. स्कूल पढ़ने गई छात्रा को गांव के दबंग ने इसलिए थप्पड़ जड़ दिया क्योंकि वो स्कूल यूनिफाॅर्म में नहीं थी. जानकारी सामने आई है कि जिसने छात्रा को थप्पड़ मारा उसका स्कूल से कोई संबंध ही नहीं है. छात्रा की मां का कहना है दबंग मनोज दुबे ने बेटी की जाति सूचक गालियां भी दी हैं. पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है.

मामला भदोही जिले के चौरी थाना क्षेत्र के मानिकपुर गांव का है. यहां आठवीं में पढ़ने वाली दलित छात्रा स्कूल पढ़ने गई थी. स्कूल पहुंचने पर दबंग मनोज दुबे ने छात्रा से पूछा कि स्कूल यूनिफाॅर्म में क्यों नहीं आई हो. इस पर  छात्रा ने कहा '' ड्रेस नहीं है, जब पाप दिलाएंगे तब यूनिफाॅर्म पहन कर आएंगे''. छात्रा के इतना कहते ही दबंग मनोज दुबे ने छात्रा को जाति सूचक अपशब्द कहे और थप्पड़ जड़ दिया.

घटना के बाद छात्रा रोते हुए अपने घर पहु्ंची और पूरी घटना अपने परिवार वालों को बताई. जिस पर छात्रा की मां ने मनोज दुबे के खिलाफ चौरी थाना में शिकायत दर्ज कराई. महिला की शिकायत पर पुलिस ने मनोज दुबे के खिलाफ एसी/एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज कर गिरफ्तार किया. वहीं पूरे मामले पर स्कूल के प्रिंसिपल से भी जानकारी ली गई है.

दलित छात्रा को थप्पड़ मारने के मामले पर भदोही पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार ने कहा है कि छात्रा को चांटा मारने वाले आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है. आरोपी के खिलाफ छात्रा की मां ने शिकायत दर्ज कराई थी. मामले में वैधानिक कार्यवाही की जा रही है.

वहीं, भदोही के बेसिक शिक्षा अधिकारी भूपेंद्र नारायण सिंह ने कहा कि पूर्व प्रधान स्कूल गए थे. बच्चियों को खड़ा करके जो ड्रेस में नहीं था उन्होंने पूछा कि क्यों नहीं है. जिसके बाद उन्हें स्कूल से बाहर निकाला था. इस मामले में FIR दर्ज हो चुकी है. हमने हेड मास्टर से भी पूछा है कि ऐसा कैसे हुआ कि बाहरी व्यक्ति क्यों प्रवेश किया. खंड शिक्षा अधिकारी के आदेश के अनुसार आगे की कार्यवाही की जाएगी.

मनोज दुबे का स्कूल से नहीं कोई संबंध

पीड़िता की मां का कहना है कि मनोज दुबे का स्कूल से कोई संबंध नहीं है. ना तो वो स्कूल स्टाफ है और ना ही कोई अधिकारी है.मनोज गांव के पूर्व प्रधान और वर्तमान प्रधान के साथ स्कूल में निरीक्षण करने के नाम से आया था. वो कभी भी स्कूल में घुस जाता है और दबंगई करता है. स्कूल का स्टॉफ भी मनोज से डरता है.

( रिपोर्ट - महेश जैसवाल) 

 

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