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रेमडेसिविर इंजेक्शन के लिए बढ़ी मारामारी, कई शहरों में लाइन, जानें कोरोना काल में क्यों जरूरी?

कोरोना महासंकट के बीच अचानक देश में रेमडेसिविर इंजेक्शन की डिमांड बढ़ गई है. कई शहरों में मेडिकल स्टोर्स पर लोगों की लंबी लाइनें लग रही हैं, जो रेमडेसिविर इंजेक्शन की मांग कर रहे हैं. ऐसे में इस इंजेक्शन की जरूरत अचानक कैसे बढ़ गई है, पूरे मामले को समझें... 

इंदौर में मेडिकल स्टोर के बाहर लगी भीड़ इंदौर में मेडिकल स्टोर के बाहर लगी भीड़
स्टोरी हाइलाइट्स
  • रेमडेसिविर इंजेक्शन की देश में फिर डिमांड
  • कई शहरों में लग रही हैं लंबी लाइनें

देश में कोरोना वायरस का संकट बढ़ता जा रहा है, हर रोज़ नए मामलों का रिकॉर्ड बन रहा है. इस महासंकट के बीच अचानक देश में रेमडेसिविर इंजेक्शन की डिमांड बढ़ गई है. कई शहरों में मेडिकल स्टोर्स पर लोगों की लंबी लाइनें लग रही हैं, जो रेमडेसिविर इंजेक्शन की मांग कर रहे हैं. ऐसे में इस इंजेक्शन की जरूरत अचानक कैसे बढ़ गई है, पूरे मामले को समझें... 

गुजरात के सूरत, मध्य प्रदेश के इंदौर में बीते दिन मेडिकल स्टोर्स के सामने बड़ी संख्या में लोग दिखे. अधिकतर लोग रेमडेसिविर इंजेक्शन ही खरीदने आए थे. लोगों का कहना है कि कोरोना संकट में ये इंजेक्शन काफी काम आता है, इसलिए वो अभी से लेना चाहते हैं. क्योंकि डिमांड बढ़ने के साथ दाम बढ़ रहे हैं और लॉकडाउन का माहौल भी बना हुआ है. 

इंदौर में इस संकट को देखते हुए अब आदेश जारी किया गया है कि जिसे भी ये इंजेक्शन लेना है, उसे आधार कार्ड या कोई आईडी कार्ड और डॉक्टर का अप्रूवल भी दिखाना होगा. बता दें कि भारत में रेमडेसिविर इंजेक्शन की कीमत 800 रुपये से लेकर 5 हजार रुपये तक की है. 

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कोरोना काल में क्यों ज़रूरी है ये इंजेक्शन?
एक्सपर्ट्स की मानें तो ये इंजेक्शन फेफड़े में इन्फेक्शन फैलने से बचाता है. कोरोना संकट काल के दौर में इसकी खास जरूरत पड़ रही है और ये कई मौकों पर कारगर भी साबित हुआ है. कोई व्यक्ति अगर कोरोना से गंभीर हालत में पहुंच गया है, तो उसे इन इंजेक्शनों की खासी ज़रूरत है.

ज्ञात हो कि जब दुनिया में कोरोना का संकट बढ़ रहा था, तब अमेरिका समेत कई देशों ने भारत से बड़ी संख्या में इस इंजेक्शन को इम्पोर्ट किया था. भारत में भी तब इसकी डिमांड बढ़ने लगी थी, जो अब फिर दोहराता हुआ दिख रहा है. 

अमेरिका के कई वैज्ञानिकों ने तो इस इंजेक्शन को कोरोना के इलाज में कारगर बताया था, लेकिन WHO ने इसकी निर्भरता पर सवाल खड़े किए थे. 

कई जगह हो रही है कालाबाज़ारी
जब इस इंजेक्शन की डिमांड बढ़ी है, तो कालाबाज़ारी का संकट भी बढ़ने लगा है. महाराष्ट्र में बीते दिन पुलिस ने दो लोगों को गिरफ्तार किया, जिनके पास 284 रेमडेसिविर इंजेक्शन थे. मुंबई क्राइम ब्रांच ने इन दोनों को गिरफ्तार किया, जो इनकी कालाबाज़ारी कर रहे थे. इससे पहले भी मुंबई की पुलिस ने 12 इंजेक्शनों के साथ कुछ लोगों को गिरफ्तार किया था. 

 

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