देश की सबसे बड़ी कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड (RIL) ने तीसरी तिमाही के नतीजे पेश कर दिए हैं. कंपनी के मुनाफे में मामूली उछाल देखने को मिला है. मुकेश अंबानी (Mukesh Ambani) की कंपनी को इस बार कंसॉलिडेटेड नेट प्रॉफिट 18,645 करोड़ रुपये का हुआ है, जिसमें सालाना आधार पर मामूली 0.56% की बढ़ोतरी दर्ज की गई है. पिछले साल समान तिमाही में कंपनी को 18,540 करोड़ रुपये का मुनाफा हुआ था.
वहीं तिमाही-दर-तिमाही आधार पर कंपनी का प्रॉफिट करीब 2.64 फीसदी बढ़ा है. चालू वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही में कंपनी को 18,165 करोड़ रुपये का मुनाफा था, जो कि तीसरी तिमाही में बढ़कर 18,645 करोड़ रुपये हो गया है.
रेवेन्यू में 10 फीसदी से ज्यादा का उछाल
RIL का ऑपरेशनल रेवेन्यू सालाना आधार पर 10.5% उछलकर 2,69,496 करोड़ रुपये हो गया है, जो पिछले साल की समान तिमाही में करीब 2,43,865 करोड़ रुपये था. जबकि तिमाही-दर-तिमाही आधार पर देखें तो दूसरी तिमाही के 2,58,898 करोड़ रुपये के मुकाबले राजस्व में करीब 4% की बढ़त दर्ज की गई है. इस दौरान एबिटडा 6.1 फीसदी की बढ़त के साथ 50,932 करोड़ रुपये रहे हैं. जो कि साल भर पहले 48003 करोड़ रुपये पर थे. हालांकि, तीसरी तिमाही के दौरा तेल और गैस सेगमेंट में थोड़ा दबाव देखने को मिला है.
अब RIL के शेयर पर निवेशक की नजर
तीसरी तिमाही के रिजल्ट बाजार बंद होने के बाद आए हैं, इस पर अब मार्केट में सोमवार को हलचल दिख सकती है. कारोबारी हफ्ते के आखिरी दिन शुक्रवार को RIL का शेयर मामूली गिरावट के साथ 1,457.60 रुपये पर बंद हुआ. कंपनी का मार्केट कैप 19.72 लाख करोड़ रुपये है. RIL के व्यापार में O2C (Oil-to-Chemicals), Jio (डिजिटल) और रिटेल डिवीजन मुख्य भूमिका निभाते हैं.
अगर निवेशक की लिहाज से देखें तो पिछले एक साल के दौरान कंपनी के शेयर का जहां न्यूनतम स्तर 1,115.55 रुपये रहा, वहीं अधिकतम स्तर 1,611.20 रुपये का रहा है. पिछले एक साल में देश की सबसे बड़ी कंपनी के शेयर ने करीब 15 फीसदी रिटर्न दिया है. वहीं यह रिटर्न 3 साल के दौरान 29.19 फीसदी रहा है, जबकि 5 साल में RIL का रिटर्न करीब 50 फीसद का रहा है.
(नोट: शेयर बाजार में निवेश से पहले वित्तीय सलाहकार की मदद जरूर लें)