पेट्रोल के लिए लंबी लाइनों में लगने के दिन अब जल्द ही लद सकते हैं. दरअसल केंद्र सरकार एक नई योजना पर काम कर रही है, जिसमें ग्राहकों की मांग पर पेट्रोल-डीजल उनके घर तक पहुंचाया जाएगा. पेट्रोलियम मंत्रालय ने ट्वीट कर यह जानकारी दी है.
ने अपने ट्वीट में कहा है, 'प्री-बुकिंग पर ग्राहकों को उनके घर पर ही पेट्रो उत्पाद डिलीवर किए जाने के विकल्प पर विचार किया जा रहा है. मंत्रालय ने बताया कि इस कदम से ग्राहकों को पेट्रोल पंपों पर होने वाली वक्त की बर्बादी और लंबी लाइनों से छुटकारा मिलेगा.'
“Options being explored where petro products may be door delivered to consumers on pre booking” (1/2)
— Petroleum Ministry (@PetroleumMin)
“This would help consumers avoid spending excessive time and long queues at fuel stations” (2/2)
— Petroleum Ministry (@PetroleumMin)
बता दें कि भारत पेट्रोलियम उत्पादों का दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा उपभोक्ता है, जहां पेट्रोल पंपों से सालाना 2500 करोड़ रुपये का ईंधन खरीदा जाता है. देश भर में हर दिन 3.5 करोड़ लोग 59,595 पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल-डीजल खरीदने जाते हैं. इस कारण जहां पेट्रोल पंपों पर भीड़ लगती है, वहीं कई बार सड़कों पर भी जाम लग जाता है. इस वजह से मंत्रालय अब चाहता है कि इसमें से कुछ हिस्से की होम डिलीवरी शुरू की जाए. इसके तहत 1 मई से चुनींदा शहरों में पेट्रोल व डीजल के दाम में दैनिक बदलाव के साथ इनकी होम डिलीवरी पर भी विचार किया जा रहा है.
इससे पहले पेट्रोलियम मंत्रालय ने 1 मई से देश के पांच शहरों में पेट्रोल और डीजल की कीमत के आधार पर तय करने का फैसला किया था. इसके तहत तेल कंपनियां पुडुचेरी, विशाखापटनम, उदयपुर, जमशेदपुर और चंडीगढ़ में पेट्रोल-डीजल के दाम रोजाना तय कर सकेंगी. मौजूदा समय में पेट्रोल और डीजल की कीमत 15 दिन के अंतराल पर निर्धारित की जाती है.