अमेरिका के वेनेजुएला (US Vs Venezuela) में चलाए गए सैन्य अभियान और वहां के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो, उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस की गिरफ्तारी की खबर ने एक बार फिर से दुनिया में टेंशन बढ़ाने का काम किया है. सबसे बड़ी बात ये कि Nicolas Maduro को गिरफ्तार कर अमेरिका ने वेनेजुएला के ऑयल सेक्टर में प्रत्यक्ष हस्तक्षेप के बयान देकर ग्लोबल एनर्जी मार्केट में हलचल मचा दी है. लेकिन क्या ये सिर्फ तेल का ही खेल है, या वेनेजुएला में और भी ऐसे तमाम खजाने हैं, जिन पर ट्रंप की नजर है. तो हां, तेल के भंडार पर ही नहीं, बल्कि Venezuela सोने के खजाने पर भी बैठा हुआ है.
ट्रंप के बयान से समझें माजरा
Venezuela में दुनिया का सबसे बड़ा तेल भंडार बताया जाता है और इस पर US बड़ा दांव लगाया है. बीते सप्ताह देश में सैन्य अभियान के बाद वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को गिरफ्तार किया गया. इस बीच Donald Trump ने कहा कि अमेरिकी तेल कंपनियां वेनेजुएला में एंट्री लेंगी, देश के बुरी तरह से क्षतिग्रस्त ऑयल इंफ्रास्ट्रक्चर को सुधारने के लिए अरबों डॉलर का निवेश किया जाएगा और बड़े पैमाने पर उत्पादन शुरू होगा. यानी वेनेजुएला के तेल पर अमेरिका का कंट्रोल होगा.
ट्रंप ने ये भी साफ किया है कि हम तेल के कारोबार में हैं, हमारी बड़ी तेल कंपनियां वहां जाएंगी और अरबों डॉलर खर्च करेंगी और मुनाफा कमाना शुरू कर देंगी. उन्होंने ये भी कहा कि जमीन से निकलने वाला पैसा बहुत अधिक है, हम जो भी खर्च करेंगे उसकी भरपाई हमें मिलेगी.

वेनेजुएला में 303 अरब बैरल तेल भंडार
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की नजर वेनेजुएला के तेल भंडार पर है और इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि Nicolas Maduro की गिरफ्तारी के बाद उन्होंने ऐलान करते हुए कहा है कि वाशिंगटन वेनेजुएला के तेल उद्योग में बहुत मजबूती से शामिल होगा, जो देश की ऊर्जा संपत्तियों के प्रति US Policy में एक निर्णायक बदलाव का संकेत है. वेनेजुएला में दुनिया का सबसे बड़ा कच्चा तेल भंडार (World Biggest Crude Oil Reserve) है, जिसका अनुमान लगभग 303 अरब बैरल है. मौजूदा कीमतों (लगभग 57 डॉलर प्रति बैरल) पर भी इस तेल भंडार का मूल्य लगभग 17.3 ट्रिलियन डॉलर है.
देश के भौगोलिक आधार की बात करें, तो Venezuela वेस्ट में एंडीज पर्वतमाला से लेकर ईस्ट में विशाल ओरिनोको रिवर बेसिन और साउथ-ईस्ट में प्राचीन गुयाना शील्ड तक तमाम भूभाग फैले हैं, जो 4,15,000 वर्ग किलोमीटर से अधिक क्षेत्र में फैली प्रीकैम्ब्रियन चट्टानों को कवर करते हैं. ओरिनोको बेल्ट, जो पूर्वी ओरिनोको बेसिन के साथ स्थित 55,000 वर्ग किलोमीटर की साउथ बेल्ट है, इसमें अनुमानित 1,200 बिलियन बैरल के अतिरिक्त भारी कच्चे तेल के भंडार हैं, जो वैश्विक पारंपरिक तेल भंडार के बराबर हैं.
वेनेजुएला के पास सोने का खजाना
गौरतलब है कि हालिया घटनाक्रमों के बीच वेनेजुएला में भ्रष्टाचार के आरोपों और ड्रग्स की तस्करी के अलावा भी बहुत कुछ है, जिसमें तेल ही नहीं बल्कि अन्य खनिज के बड़े भंडार शामिल हैं. यहां पर्याप्त मात्रा में सोने का भंडार भी है. देश के दक्षिणी क्षेत्रों में जंगल से ढके मैदान और ऊबड़-खाबड़ पहाड़ी क्षेत्र हैं, जो जलोढ़ Gold Mining के लिए आदर्श माने जात हैं.

गुयाना शील्ड (Guiana Shield) की बात करें, तो इसमें आर्कियन इमाटाका कॉम्प्लेक्स नीस और प्रोटेरोजोइक ग्रीनस्टोन बेल्ट मौजूद हैं, जिनमें कम सल्फाइड वाले गोल्ड क्वार्ट्ज वेंस होती हैं. बता दें कि Gold Quartz Veins प्राकृतिक रूप से सोने और क्वार्ट्ज खनिज के मिश्रण से बनी चट्टानें होती हैं. इनमें क्वार्ट्ज की परतों के बीच सोने की पतली या मोटी शिराएं मिलती हैं. इन्हें प्राकृतिक सोने का एक दुर्लभ रूप माना जाता है, 70% से 95% तक शुद्ध हो सकता है.
इसके अलावा इस क्षेत्र में शियर-जोन डिपॉजिट (Shear-zone deposits) और प्लेसर डिपॉजिट (Placer deposits) भी हैं, जिनका माइनिंग योग्य कुल खनन भंडार 10,000 टन से अधिक है. रिपोर्ट्स की मानें, तो देश में मेटावोलकैनिक और मेटासेडिमेंट्स में 200 से अधिक Gold Sites मौजूद हैं, जिनमें 8,000 मीट्रिक टन तक की क्षमता हो सकती है. इसके अलावा बोलिवर राज्य में Choco 10 जैसे भंडार मौजूद हैं. ये सब साबित करते हैं कि वेनेजुएला सोने के खजाने पर बैठा हुआ है.
नीला सोना और अन्य रेयर अर्थ का भंडार
रिपोर्ट की मानें, तो वेनेजुएला की गुयाना शील्ड, जो पृथ्वी के सबसे पुराने महाद्वीपीय क्षेत्रों में से एक है. इसमें टिन, टंगस्टन, टैंटलम और रेयर अर्थ मेटल्स (Venezuela Rare Earth Metals) सहित महत्वपूर्ण खनिजों के विशाल भंडार है. दि गार्जियन की एक पुरानी रिपोर्ट में पहचान गुप्त रखने की शर्त पर एक सूत्र के हवाले से बताया गया था कि आप यहां पर टिन और कोल्टन के टुकड़ों में अंतर साफ देख सकते हैं.

गौरतलब है कि कोल्टन को नीला सोना (Blue Gold) भी कहा जाता है. पूर्व राष्ट्रपति ह्यूगो चावेज ने घोषणा की थी कि वेनेज़ुएला के पास इस नीले सोने का विशाल भंडार है और उन्होंने अपने कार्यकाल में इसकी सुरक्षा के लिए कोलंबियाई सीमा के पास 15,000 नेशनल गार्ड्स को तैनात भी किया था. चावेज के निधन के तीन साल बाद 2016 में उनके उत्तराधिकारी निकोलस मादुरो ने ओरिनोको खनन क्षेत्र अध्यादेश पर हस्ताक्षर किए, दिसमें कोल्टन एक्सट्रैक्शन के लिए निर्धारित क्षेत्रों सहित 43,243 वर्ग मील (112,000 वर्ग किमी) क्षेत्र को माइनिंग डेवलपमेंट के लिए सेलेक्ट किया था.
US के एक्शन का मकसद क्या है?
हालांकि, अमेरिका द्वारा किए गए हमलों में काराकास (Caracas) को निशाना बनाया गया, जो Drugs की तस्करी, बैन और वेनेजुएला के ऑयल टैंकर्स को लेकर बढ़ते तनाव के बीच देखने को मिला. एक्सपर्ट भी मानते हैं कि अमेरिका सिर्फ तेल पर ही नहीं, बल्कि यहां के सोने पर भी नियंत्रण चाहता है. इसके साथ ही उसका मकसद चीनी और रूसी प्रभाव को कम करना है.